गोरखपुर में गेंहू की फसल में लगी आग।
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चौरीचौरा में दो किलोमीटर तक फैली आग की लपटे
ग्राम फुलवरिया के कुर्मी टोला के पास रविवार सुबह करीब 11 बजे अचानक एक घर के पास से निकली चिंगारी पछुआ हवाओं के चलते खेतों में छोड़े गए फसल के अवशेष में जा पहुंची और आग लग गई। तेज हवा से आग तीन गांवों में फैल गई, जिससे अफरातफरी मच गई। आग लगने की सूचना के करीब दो घंटा बाद फायर ब्रिगेड गाड़ी पहुंची। हल्का लेखपाल सुभाष चंद्र गुप्ता, चौरीचौरा पुलिस, ग्रामीणों के सहयोग से आग को बुझवाने काफी प्रयास किया। संवाद
सड़क के दोनों ओर आग, घंटों ठप रहा आवागमन
गगहा के गंभीरपुर गांव में रविवार दोपहर को अज्ञात कारणों से गेहूं की डंठल में भीषण आग लग गई। तेज पछुआ हवा के कारण आग की लपट बढ़ती चली गई। जिस कारण बासूडीहा, कोठा, बंधवा, कोहड़ा, मसानपाकड़ गांव में आग फैल गई। इस दौरान गगहा गजपुर मार्ग के दोनों तरफ लगी आग ने घंटों आवागमन ठप कर दिया। हालांकि इस दौरान कुछ यात्री और राहगीर जान जोखिम में डालकर आते जाते दिखे। आग से लगभग पांच बीघा गेहूं की फसल जलकर राख हो गई। गनीमत रही कि ज्यादातर खेतों में गेहूं की फसल कट चुकी थी। जबकि खेतों में रखे लगभग 50 ट्रॉली भूसा जलने से कई पशुपालकों को खासा नुकसान सहना पड़ा।
मसानपाकड़ में मुर्गी पालन का व्यवसाय करने वाले मनोज सिंह ने बताया कि आग की लपट के कारण उनके मुर्गी फार्म की 80 से अधिक मुर्गियां तापमान के कारण मर गई। कई पेड़ भी जल गए। गगहा थाना पर सूचित किया गया तो पता चला कि एक भी दमकल गाड़ी थाने पर मौजूद नहीं थी। डायल 112 पर फोन करने के बाद अग्निशमन गाड़ी की मांग की गई। मौके पर पहुंची मात्र एक छोटी अग्निशमन गाड़ी आग बुझाने में असमर्थ रही। ग्रामीण धीरज सिंह, विवेक सिंह, राजीव सिंह, विक्रम बहादुर सिंह, मनजीत, सतीश, प्रशांत, पवन शाही, नोनू, राघवेंद्र सिंह की सूझबूझ से सड़क पर फंसे यात्रियों को सुरक्षित निकाला गया। लगभग तीन घंटे बाद आग पर काबू पाया गया।