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Geetanjali Mishra Birthday: मां का घर लौटना ही सबसे बड़ा बर्थडे गिफ्ट, हीरोइन नंबर वन ने फैंस को किया इमोशनल

Wed, 06 Nov 2024 06:56 PM IST
साक्षी अमर उजाला ब्यूरो, मुंबई

सार

दीपोत्सव के दौरान गीतांजलि अपनी मां के अस्पताल में भर्ती होने के कारण उनके पास रहकर उनकी सेहत के लिए दुआ कर रही थीं। उनकी मां की गैरमौजूदगी में घर का माहौल भी फीका था।
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गीतांजलि मिश्रा - फोटो : अमर उजाला ब्यूरो, मुंबई

छोटे परदे की हीरोइन नंबर वन के नाम से मशहूर हो चलीं अभिनेत्री गीतांजलि मिश्रा ने इस बार अपना जन्मदिन बहुत ही सादगी से और बहुत ही एकांत में मनाया। वजह? उनकी मां का बीमार होना और अस्पताल तक पहुंच जाना। इस बार गीतांजलि की दिवाली भी बहुत रोशन नहीं हो सकी क्योंकि इस दौरान वह अपनी मां की तीमारदारी में लगी रहीं। गीतांजलि कहती हैं, “मां का अस्पताल से घर लौटना ही हमारे घर लक्ष्मी का आना है, और यही हमारा सबसे बड़ा बर्थडे गिफ्ट भी है।”


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‘हप्पू की उलटन पलटन‘ में गीतांजलि मिश्रा - फोटो : अमर उजाला ब्यूरो, मुंबई
धारावाहिक ‘हप्पू की उलटन पलटन‘ में राजेश का किरदार निभा रहीं अभिनेत्री गीतांजलि मिश्रा के लिए इस बार दिवाली दमक नहीं सकी। दिवाली पर आमतौर पर वह खूब दमकती रही हैं और छोटे परदे की हेमा मालिनी के तौर पर मिले अपने तमगे के अनुसार ही पूरी दिवाली बसंती बनी रहती हैं। गीतांजलि को छोटी हेमा मालिनी इसलिए भी पुकारा जाता है क्योंकि वह उन्हीं की तरह सुंदर और मादक हैं और अपने चाहने वालों से भी वह ठीक हेमा मालिनी की तरह ही पूरे प्यार से मिलती हैं।
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गीतांजलि मिश्रा - फोटो : अमर उजाला ब्यूरो, मुंबई
लेकिन, इस बार दीपोत्सव के दौरान गीतांजलि अपनी मां के अस्पताल में भर्ती होने के कारण उनके पास रहकर उनकी सेहत के लिए दुआ कर रही थीं। उनकी मां की गैरमौजूदगी में घर का माहौल भी फीका था। गीतांजलि का जन्मदिन 6  नवंबर को होता है और इस साल उन्होंने इसके लिए कोई तैयार तक नहीं की। उनका एकमात्र ध्यान अपनी मां की सेहत पर ही बना रहा। उन्होंने अपने सोशल मीडिया पर अपनी भावनाएं साझा करते हुए मां के प्रति अपने प्रेम और उनके जल्द ठीक होने की कामना व्यक्त की।

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‘हप्पू की उलटन पलटन‘ में गीतांजलि मिश्रा - फोटो : अमर उजाला ब्यूरो, मुंबई
गीतांजलि कहती हैं, ‘‘यह दिवाली मेरे लिए काफी इमोशनल रही। पूरी दुनिया रौशनी के इस त्योहार को हर्षोल्लास के साथ मना रही थी, लेकिन मैं अस्पताल में उनके साथ थी और उनके जल्द स्वस्थ होने की कामना कर रही थी। दिवाली हमेशा परिवार और अपनेपन का त्योहार रही है, लेकिन मा के बिना घर में सब सूना-सूना लग रहा था। हर दिन उनके साथ बिताते हुए यह महसूस हुआ कि जिंदगी कितनी नाजुक है और हम अपने प्रियजनों को कितना हल्के में ले लेते हैं।”
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‘हप्पू की उलटन पलटन‘ में गीतांजलि मिश्रा - फोटो : अमर उजाला ब्यूरो, मुंबई
और, मंगलवार को तो जैसे चमत्कार हो गया। गीतांजलि बताती हैं, “जैसे-जैसे मेरा जन्मदिन पास आ रहा था,  मेरी बस एक ही ख्वाहिश थी कि मां ठीक होकर घर लौट आएं, मुस्कुराती हुईं। फिर, जन्मदिन से ठीक एक दिन पहले मुझे सबसे प्यारी खबर मिली। मां को अस्पताल से छुट्टी मिल गई। वो पल मैं कभी नहीं भूलूंगी जब वो घर लौटीं। उनकी मौजूदगी से घर में फिर से वही रौनक और खुशियां लौट आईं, और ऐसा लगा जैसे दिवाली सच में अब जाकर पूरी हुई हो, हर तरफ रोशनी और खुशियाँ बिखर गईं।”
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