समीर सोनी
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अब समीर सोनी के इस पोस्ट पर यूजर्स प्रतिक्रिया दे रहे हैं। एक शख्स ने लिखा, 'भाषावाद और देशभक्ति के बीच अंतर होता है। स्पेड को स्पेड कहना क्या नकारात्मक है या आईना दिखाना'। इस पर जवाब देते हुए समीर सोनी ने कहा कि, 'ये मंशा है जो मायने रखती है। जानकारी देने के लिए अंतिम संस्कार की चिताओं और शवों को ना दिखाना पड़े। हो सकता है कि एक फिल्म में हो, लेकिन राष्ट्रीय अंतरराष्ट्रीय समाचार में नहीं। दुर्भाग्य से खबर भी है। एक व्यवसायिक और ग्राफिक चित्र हजारों या लाखों में बेचा जाता है'।