फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

जानें मोदी सरकार ने 100 दिनों में शिक्षा के लिए क्या-क्या किया

Tue, 24 Sep 2019 01:47 PM IST
रत्नप्रिया रत्नप्रिया एजुकेशन डेस्क, अमर उजाला

सार

  • सितंबर के पहले सप्ताह में मोदी सरकार-2 के 100 दिन हो चुके हैं पूरे
  • केंद्र ने बताया- 100 दिनों में उन्होंने शिक्षा के क्षेत्र में क्या किया
विज्ञापन
1 of 14
पीएम नरेंद्र मोदी और केंद्रीय मानव संसाधन मंत्री रमेश पोखरियाल निशंक - फोटो : अमर उजाला
मोदी सरकार के दूसरे कार्यकाल के 100 दिन पूरे हो चुके हैं। बीते कुछ दिनों से सरकार द्वारा यह जानकारी साझा की जा रही है कि इन 100 दिनों में उन्होंने क्या-क्या किया। आज हम आपको बता रहे हैं कि इस बीच मोदी सरकार ने देश में शिक्षा के क्षेत्र में क्या-क्या काम किया है? शिक्षा व्यवस्था और शिक्षक भर्ती प्रक्रियाओं के लिए क्या-क्या कदम उठाए गए हैं? 

यह जानकारी खुद केंद्रीय मानव संसाधन विकास मंत्रालय (MHRD) ने जारी की है। यह जानने के लिए आगे की स्लाइड्स देखें।
विज्ञापन

2 of 14
निष्ठा कार्यक्रम - फोटो : MHRD

निष्ठा

निष्ठा शिक्षकों के लिए एक ट्रेनिंग प्रोग्राम है। 21 अगस्त 2019 को इसकी शुरुआत की गई। करीब 42 लाख शिक्षकों, स्कूल प्रमुखों, संकाय सदस्यों और शैक्षिक अधिकारियों के लिए यह देशभर में चलने वाला एक अध्यापन प्रशिक्षण कार्यक्रम है।
विज्ञापन

3 of 14

केंद्रीय विद्यालय

देश के विभिन्न हिस्सों में कुल 16 केंद्रीय विद्यालयों (KV) का उद्घाटन किया गया। 4 केंद्रीय विद्यालयों का शिलान्यास हुआ और 2 नए केंद्रीय विद्यालय खोले जाने की घोषणा की गई है।

4 of 14
ऑनलाइन पंजीकरण प्रणाली शुरू हुई - फोटो : MHRD

ऑनलाइन पंजीकरण प्रणाली

सरकार ने 26 जुलाई 2019 को ऑनलाइन शिक्षक-छात्र पंजीकरण प्रणाली की शुरुआत की। इसके जरिए आवेदकों को शिक्षा पाठ्यक्रमों के ऑनलाइन सत्यापन की सुविधा मिलेगी। साथ ही शिक्षक बनने की चाहत रखने वालों को भी रोजगार के लिए आवेदन  करने में मदद मिलेगी।
विज्ञापन

5 of 14
समग्र शिक्षा जल सुरक्षा अभियान - फोटो : MHRD

समग्र शिक्षा जल सुरक्षा

पानी बचाने के लिए यह एक अभियान है। इसके तहत हर विद्यार्थी को रोज एक लीटर पानी बचाने का लक्ष्य दिया गया है। अगर देशभर के करीब 10 करोड़ छात्र एक दिन में एक लीटर पानी पचाते हैं, तो देश में करीब 10 करोड़ लीटर पानी की बचत होगी। यानी साल भर में 3650 करोड़ लीटर और 10 सालों में 36,500 करोड़ लीटर पानी बचा सकेंगे।
विज्ञापन

6 of 14
- फोटो : MHRD

शिक्षक के खाली पदों पर भर्तियां

मंत्रालय ने बताया है कि देश में शिक्षकों के करीब एक लाख खाली पदों की पहचान की गई है। केंद्र सरकार में करीब 14 हजार और राज्य सरकारों में शिक्षकों के करीब 84 हजार पद खाली हैं। इनमें से करीब 14000 पदों को भरने के लिए अधिसूचना जारी की जा चुकी है।
विज्ञापन

7 of 14
- फोटो : MHRD

केंद्रीय शैक्षिक संस्थान (अध्यापक कैडर में आरक्षण) विधेयक 2019

समाक के कमजोर वर्गों, अनुसूचित जाति (SC) व जनजाति (ST), पिछड़ा वर्ग और आर्थिक रूप से कमजोर वर्ग (EWS) के लोगों के लिए यह विधेयक लाया गया। 17वीं लोकसभा के पहले सत्र में संसद द्वारा इसे पारित किया गया।

8 of 14
- फोटो : MHRD

केंद्रीय विश्वविद्यालय अधिनियम (संशोधन) विधेयक 2019

इसे भी 17वीं लोकसभा के पहले सत्र में संसद द्वारा पारित किया गया। इसके परिणामस्वरूप आंध्र प्रदेश में एक नया केंद्रीय विश्वविद्यालय और एक केंद्रीय जनजाति विश्वविद्यालय की शुरुआत की गई है।

9 of 14
अर्पित पोर्टल शुरू हुआ - फोटो : MHRD

अर्पित पोर्टल

करीब 10 लाख शिक्षकों को प्रशिक्षण देने के लिए अर्पित ऑनलाइन पोर्टल (Arpit Portal) लॉन्च किया गया है।

10 of 14
शोध के लिए योजनाएं - फोटो : MHRD

स्टार्स और स्ट्राइड

विज्ञान (STARS) और मानविकी (STRIDE) अंतरविषयी शोध के लिए अनुसंधान योजनाएं शुरू की गई हैं।

11 of 14
20 संस्थानों को IoE टैग - फोटो : MHRD

20 संस्थानों को 1000 करोड़ की मदद

देश के 20 शैक्षिक संस्थानों को प्रतिष्ठित संस्थान (Intstitute of Excellence) का टैग मिला है। इसके तहत इन संस्थानों को एक हजार करोड़ रुपये की मदद दी जाएगी।

12 of 14
स्टडी इन इंडिया प्रोग्राम - फोटो : MHRD

स्टडी इन इंडिया

विदेशी छात्रों को भारत आकर पढ़ाई करने के लिए प्रोत्साहित करने के उद्देश्य से इस कार्यक्रम की शुरुआत की गई। मंत्रालय के अनुसार, इस साल भारतीय संस्थानों में करीब 3000 विदेशी छात्रों ने दाखिला लिया।

13 of 14
इंजीनयिरिंग शिक्षक प्रशिक्षण कार्यक्रम - फोटो : MHRD

इंजीनियरिंग के शिक्षकों का प्रशिक्षण

ऑल इंडिया काउंसिल फॉर टेक्निकल एजुकेशन (AICTE) द्वारा शिक्षक प्रशिक्षण मॉड्यूल की शुरुआत हुई। इसके तहत करीब इंजीनियरिंग के करीब 30 हजार शिक्षकों को प्रशिक्षित करने का लक्ष्य है।
विज्ञापन

14 of 14
- फोटो : MHRD

सीटेट और डिजीलॉकर

केंद्रीय शिक्षक पात्रता परीक्षा (CTET) के 12वें संस्करण का आयोजन 7 जुलाई 2019 को किया गया। करीब 30 लाख अभ्यर्थी इसमें शामिल हुए। परिणाम जारी होने के बाद अभ्यर्थियों के दस्तावेज उन्हें डिजीलॉकर के जरिए भेजे गए।

ये भी पढ़ें :  CTET 2019: केंद्र सरकार के स्कूलों में शिक्षक बनने का मौका, बढ़ गई आवेदन की तारीख
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें