उत्तर प्रदेश के गाजियाबाद जिले के साहिबाबाद के लिंक रोड थाना अंतर्गत साइट फोर स्थित मेडिकल उपकरण बनाने की फैक्टरी में गुरुवार रात धमाके के साथ भीषण आग लग गई। फैक्टरी में आग का मंजर भयावह था। प्रत्यक्षदर्शियों ने बताया कि तेज धमाके की आवाज आई उसके बाद आग की लपटों में घिरे लोगों को चिल्लाते हुए फैक्टरी से बाहर निकलते देखा। लपटें इतनी तेज थीं कि मिनटों में मजदूरों के कपड़े जल गए। आसपास के लोग घरों से कंबल व चादर लेकर आए और उससे उनके शरीर में लगी आग को बुझाने की कोशिश की।
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प्रत्यक्षदर्शी वीरेंद्र
- फोटो : अमर उजाला
मैं पास की फैक्टरी में ही रहता हूं। रात करीब पौने नौ बजे के करीब अपनी फैक्टरी के बाहर खड़ा था कि अचानक धमाके की आवाज आई। देखा तो सामने की फैक्टरी से धुआं और आग की लपटें उठ रही थीं। आग की लपटों से घिरे लोग चीख-पुकार करते हुए फैक्टरी से बाहर की ओर भाग रहे थे। शोर मचते ही आसपास के लोग एकत्र हो गए। लोगों ने घरों से कंबल व चादर लाकर झुलसे हुए लोगों को ढका और सभी को एंबुलेंस तक पहुंचाया। -वीरेंद्र
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प्रत्यक्षदर्शी संतोष कुमार
- फोटो : अमर उजाला
मैं अपने कमरे में था। आवाज सुनकर नीचे आया तो भयावह और दर्दनाक मंजर था। पास की फैक्टरी के लोगों ने सीढ़ी लगाकर सभी को बाहर निकाला। हालांकि आग इतनी भयंकर थी कि लोग जब तक संभल पाते वह आग की लपटों से घिर चुके थे। एंबुलेंस और फायर ब्रिगेड की गाड़ी आई तो फिर में अपनी कंपनी का पीछे का दरवाजा खोलने और फायर ब्रिगेड वालों की मदद में जुट गया। -संतोष कुमार
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प्रत्यक्षदर्शी अलखराम
- फोटो : अमर उजाला
ऐसा भयावह मंजर पहली बार देखा। घटना दिल दहला देने वाली है। आग की लपटों से घिरे लोग मदद मांगते हुए बाहर की ओर भाग रहे थे। कई लोग तो भागते समय एक दूसरे से टकराकर लपटों में घिरे और झुलस गए। हमसे जो बन पड़ा हमने किया हालांकि बाद में फायर ब्रिगेड और पुलिस की गाड़ी आ गई तो राहत का कार्य उन्होंने संभाल लिया और लोगों को आगे नहीं आने दिया। -अलखराम
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मेडिकल उपकरण बनाने वाली फैक्टरी में आग
- फोटो : अमर उजाला
हादसे के समय फैक्टरी के मुख्य द्वार पर लगा था ताला
मेडिकल उपकरण बनाने वाली फैक्टरी में दो गेट था, एक बड़ा और एक छोटा। फैक्टरी में जब आग लगी तो लोग बाहर की ओर भागे, लेकिन मुख्य गेट में ताला बंद होने के कारण वे अंदर ही फंस गए। कुछ लोगों ने छोटे गेट से निकलकर जान बचाई जबकि बाकी लोग आग की चपेट में आने से झुलस गए। दमकल कर्मी पहुंचे तो उन्होंने ताला तोड़कर गेट खोला।
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हादसे के बाद टूटी नींद
- फोटो : अमर उजाला
दमकल विभाग की जांच में ये भी सामने आया है कि मुख्य गेट के पास सीढ़ियों समेत कॉमन एरिया में जगह-जगह कच्चा माल रखा था, जिसकी वजह से लोगों को निकलने में परेशानी हुई। शुक्रवार को आसपास के लोगों ने बताया कि हादसे के समय फैक्टरी का मुख्य बड़ा गेट बंद था, उस पर ताला लगा हुआ था। इसकी वजह से कर्मचारी बाहर नहीं निकल सके।
मेडिकल उपकरण बनाने वाली फैक्टरी में आग
- फोटो : अमर उजाला
इसके साथ ही कॉमन एरिया और सीढ़ियों पर भी माल रखा हुआ था। जहां से निकलने के लिए बहुत ही कम जगह थी। सभी जगह सामान रखा था और चारों तरफ आग फैल गई थी। मेन गेट भी बंद था। जिसकी वजह से कर्मचारियों को निकलने की जगह नहीं मिली और वह झुलस गए।