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आद्या मौत मामलाः केस रफा-दफा करने के लिए फोर्टिस ने की 35.76 लाख की पेशकश

Fri, 08 Dec 2017 03:19 PM IST
ब्यूरो/अमर उजाला, गुरुग्राम
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adya singh - फोटो : अमर उजाला
गुरुग्राम सेक्टर-44 स्थित फोर्टिस अस्पताल आद्या के मौत का मामला दबाने में जुटा है। द्वारका में रहने वाले आद्या के पिता जयंत सिंह का आरोप है कि फोर्टिस अस्पताल की ओर से उन्हें मामले को रफ-दफा करने के लिए 35 लाख रुपये देने की पेशकश की गई है।
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adya singh
इसके साथ ही अस्पताल द्वारा इलाज के नाम पर 15.76 लाख रुपये वसूली गई रकम को भी लौटाने को कहा गया है। अस्पताल की ओर से जयंत सिंह को कुल 35.76 लाख रुपये देने की बात कही गई है। बता दें कि 15.76 लाख रुपये के बिल में पांच लाख रुपये बीमा कंपनी की ओर से दिए गए थे। बाकी रकम आद्या के पिता ने पांच लाख का पर्सनल लोन लेकर और अन्य डेबिट-क्रेडिट कार्ड से चुकाई थी। 
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द्वारका के रहने वाले जयंत सिंह  अपनी सात वर्षीय बेटी को डेंगू होने के बाद एक निजी अस्पताल से रेफर कराकर गुरुग्राम सेक्टर-44 स्थित फोर्टिस अस्पताल लेकर आए थे। 31 अगस्त से 14 सितंबर तक डेंगू के इलाज के लिए जयंत सिंह से 15.76 लाख रुपये का बिल वसूला गया, जबकि 14-15 सितंबर की दरमियानी रात को उसकी मौत हो गई।

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adya singh - फोटो : अमर उजाला
इस मामले में ट्विटर के जरिये केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री जेपी नड्डा से गुहार लगाने के बाद हरियाणा सरकार हरकत में आई और हरियाणा के स्वास्थ्य मंत्री अनिल विज ने अतिरिक्त महानिदेशक डॉ. राजीव बडेरा के नेतृत्व में जांच समिति बनाई थी। रिपोर्ट में भी माना गया है कि अस्पताल ने गलती की है।
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आद्या के पिता का कहना है कि अस्पताल की ओर से उन पर दबाव बनाया जा रहा है कि वह इस मामले को अधिक नहीं उछाले। इसके लिए उन्हें पैसे देने की बार-बार बात की जा रही है। जयंत सिंह का कहना है कि अस्पताल ने माना है कि उनसे गलती हुई है और इलाज के एवज में अधिक रुपये वसूले गए हैं, लेकिन प्रबंधन लिखित में देने को तैयार नहीं है।
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adya - फोटो : twitter
अस्पताल प्रबंधन अधिक दवा, सुई और अन्य अतिरिक्त खर्च के अंतर को देने को भी तैयार है। हालांकि इस मामले में अस्पताल प्रबंधन की ओर से कोई भी स्पष्टीकरण नहीं दिया गया है। 
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