यही स्थिति रविवार को भी रही। दोपहर बाद केदारनाथ पहुंचने पर यात्रियों को रात्रि प्रवास के लिए जीएमवीएन में भी कमरे नहीं मिल पाए। इस कारण उन्हें मंदिर परिसर, मंदिर मार्ग व तीर्थ पुरोहितों के आवासीय मकानों के बाहरी बरामदों में बैठकर रात बितानी पड़ी। जीएमवीएन का केदारनाथ डोम एमआई-26 हेलीपैड के विस्तार के लिए तोड़ दिया गया है, जिससे यात्री प्रवास की समस्या और बढ़ गई है।