फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

बदरीनाथ पहुंचने वाले पांचवें राष्ट्रपति बने प्रणब मुखर्जी, जानिए कुछ और खास बातें

Sat, 06 May 2017 11:35 AM IST
टीम डिजिटल/ अमर उजाला, देहरादून
विज्ञापन
1 of 7
president
शनिवार तड़के सवा चार बजे बदरीनाथ धाम के कपाट खुले। वहीं, महामहिम प्रणब मुखर्जी बदरीनाथ धाम के दर्शन करने वाले पांचवें राष्ट्रपति बने। जानिए, कुछ और खास बातें। 
विज्ञापन

2 of 7
Dr. rajendra prasad
सबसे पहले राष्ट्रपति राजेंद्र प्रसाद ने बदरीनाथ के दर्शन किए थे। 
विज्ञापन

3 of 7
badrinath
क्या आप जानते हैं कि बदरीनाथ में भी एक मिनी राष्ट्रपति भवन है। यहां सबसे पहले देश के प्रथम राष्ट्रपति डा. राजेंद्र प्रसाद ने विश्राम किया था।

4 of 7
pratibha patil
महामहिम प्रणब मुखर्जी से पहले प्रतिभा पाटिल भी यहां विश्राम कर चुकी हैं।
विज्ञापन

5 of 7
pranab mukhrjee
पांचवें राष्ट्रपति के रुप में बदरीनाथ पहुंचे महामहिम प्रणब मुखर्जी ने पूजा अर्चना से पहले राष्ट्रपति भवन में पहुंचकर विश्राम किया। फिर मंदिर के गर्भगृह में पहुंचकर पूजा-अर्चना की।
विज्ञापन

6 of 7
barinath - फोटो : amarujala
बदरीनाथ मंदिर के बारे में पौराणिक मान्यता है कि जब गंगा नदी धरती पर अवतरित हुई, तो यह 12 धाराओं में बंट गई। इस स्थान पर मौजूद धारा अलकनंदा के नाम से विख्यात हुई और यह स्थान बदरीनाथ, भगवान विष्णु का वास बना। 
विज्ञापन
विज्ञापन

7 of 7
barinath
भगवान विष्णु की प्रतिमा वाला वर्तमान मंदिर 3,133 मीटर की ऊँचाई पर स्थित है और माना जाता है कि आदि शंकराचार्य, आठवीं शताब्दी के दार्शनिक संत ने इसका निर्माण कराया था। इसके पश्चिम में 27 किलोमीटर की दूरी पर स्थित बदरीनाथ शिखर कि ऊँचाई 7,138 मीटर है। बदरीनाथ में एक मंदिर है, जिसमें बदरीनाथ या विष्णु की वेदी है। यह 2,000 वर्ष से भी अधिक समय से एक प्रसिद्ध तीर्थ स्थान रहा है।
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें