स्वामी रामदेव की पतंजलि देश के कई भागों में आयुर्वेदिक एवं फूड उद्योग स्थापित करने के बाद अब मल्टीनेशनल औद्योगिक इकाई बनने जा रही हैं।
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पतंजलि का आटा नूडल्स
पहले चरण में सभी सार्क देशों में आयुर्वेदिक उद्योगों की स्थापना की जाएगी। दो दिन पूर्व पाकिस्तान द्वारा की गई आतंकवादी घटना के बाद पाकिस्तान में दूसरा फूड पार्क लगाने की तैयारी अचानक बंद कर दी गई। नेपाल में पहला फूड पार्क बनने जा रहा है।
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- फोटो : amar ujala
विश्व भर में पतंजलि निर्मित आयुर्वेदिक दवाएं और सामान पहुंचाने के लिए नागपुर में विशाल एक्सपोर्ट हाउस स्थापित करने का काम शुरू हो चुका है। यहां से मुंबई के रास्ते अमेरिका, ब्रिटेन, अरब, अफ्रीका और तमाम यूरोपीय देशों में सामान भेजा जाएगा। स्वामी रामदेव ने करीब छह माह पूर्व नेपाल में फूड पार्क और आचार्यकुलम स्थापित करने की घोषणा की थी।
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दूसरी तैयारी पाकिस्तान के लाहौर में फूड पार्क बनाने की थी। बांग्लादेश के ढाका में फूड पार्क और आयुर्वेदिक औषधि निर्मात्री इकाई बनाने के लिए समझौते की बातचीत अंतिम चरण में है। इसी भांति पहले चरण में सार्क देशों में उद्योगों की स्थापना की जाएगी।
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देश में फूड पार्क बनाने का काम प्रारंभ हो चुका है। जम्मू शहर, इंदौर, गोहाटी, नोएडा, नागपुर आदि शहरों में फूड पार्क बनाए जा रहे हैं। अभी यह तय नहीं किया गया है कि जींस बनाने की फैक्ट्री कहां लगाई जाएगी। हरियाणा के सोनीपत में विशाल राइस मिल खड़ी की जा चुकी है। महाराष्ट्र के अहमदनगर में दूध तैयार करने का विशाल प्लांट निर्माणाधीन है।
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patanjali yogpeeth
- फोटो : AmarUjala
एनसीआर में किसी जगह पतंजलि विश्वविद्यालय तैयार करने का काम कागजों में चल रहा है। स्थान का चिह्नीकरण तीन स्थानों पर किया गया है। किसी एक स्थान पर यह विशाल विश्वविद्यालय खड़ा किया जाएगा। प्रदेशों की सभी राजधानियों में भारतीय और पश्चिमी सिद्धांतों के अनुसार शिक्षा देने के लिए आचार्यकुलम की स्थापना की जा रही है। इसी भांति हरियाणा और हिमाचल प्रदेश के कई भागों में छोटे छोटे फूड पार्क तथा आयुर्वेदिक दवाओं के उद्योग खड़े किए गए हैं।
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balkrishan
पतंजलि योगपीठ के महामंत्रीआचार्य बालकृष्णका कहना है कि हम योग और आयुर्वेद के माध्यम से पहले भारत सहित सार्क देशों तथा बाद में समूचे विश्व से एलोपैथी को समाप्त करना चाहते हैं। एलोपैथी केवल उन्हीं क्षेत्रों में काम कर पाएगी, जिन पर आयुर्वेद का अनुसंधान कार्य पूरा नहीं होगा।
पतंजलि स्थित आयुर्वेदिक अनुसंधानशाला में बहुत बड़े पैमाने पर सभी असाध्य रोगों के निदान के लिए अनुसंधान चल रहा है। विश्व को प्राकृतिक चिकित्सा, योग और आयुर्वेद के दम पर रोग मुक्त बनाने के लिए हम वचनबद्ध हैं। यही वजह है कि फूडपार्क और आयुर्वेदिक इकाइयां समूचे विश्व में स्थापित की जाएंगी।