रोहित शेखर पिता एनडी तिवारी की अस्थियां विसर्जित करते हुए
इस मौके पर पूर्व कैबिनेट मंत्री नवप्रभात, राजीव महर्षि, अरविंद शर्मा, पंडित पदम प्रकाश शर्मा, सुभाष घई, सुखबीर सिंह, मिंटू पंजवानी, आचार्य वैभव भारद्वाज। पतंजलि योगपीठ के आचार्य बालकृष्ण ने भी सती घाट पर पहुंचे और एनडी तिवारी को श्रद्धासुमन अर्पित किए। आचार्य बालकृष्ण ने कहा कि नारायण दत्त तिवारी की विकासशील सोच के कारण ही उत्तर प्रदेश और उत्तराखंड में विकास की गंगा बही।