घर छोड़कर जाते लोग।
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वहीं, नगर क्षेत्र के कई परिवार ऐसे हैं जिनकी आजीविका पशुपालन से ही चलती है। लेकिन मकनों में दरारें आने से उनको प्रशासन ने राहत शिविरों में शिफ्ट कर दिया है। ऐसे प्रभावित परिवारों ने मवेशियों के लिए भी सुरक्षित स्थान तलाशने की मांग की है। स्वी गांव की जया देवी का कहना है कि उनके मकान में दरार आने से वह रहने लायक नहीं रहा।