फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

जब चीन सीमा को रवाना हुए सेना के वाहन तो तिरंगे लिए पहुंचे लोग, देखने लायक था मंजर, तस्वीरें

Sat, 05 Sep 2020 10:11 PM IST
Nirmala Suyal Nirmala Suyal न्यूज़ डेस्क, अमर उजाला, धारचूला

सार

  • नेपाल सीमा पर एसएसबी लगातार चला रही है सघन चेकिंग अभियान 
विज्ञापन
1 of 5
- फोटो : amar ujala
चीन सीमा पर तनाव बढ़ने के बाद सेना और आईटीबीपी ने सीमा पर गतिविधियां बढ़ा दी हैं। धारचूला से चीन सीमा पर जा रहे सेना के काफिले को लोग तिरंगे झंडे दिखाकर और भारत माता की जयघोष के साथ विदा कर रहे हैं। इधर, एसएसबी ने भी नेपाल सीमा पर कांबिंग अभियान तेज कर दिया है।  
 
Trending Videos
विज्ञापन

2 of 5
- फोटो : amar ujala
चीन से विवाद के बाद जहां सीमा पर चीन अपने सैनिकों को बढ़ता जा रहा है। वहीं भारतीय सेना ने भी सीमा पर सैनिकों की संख्या बढ़ानी शुरू कर दी है। रोजाना धारचूला से वाहन सैनिकों को लेकर सीमा की ओर रवाना हो रहे हैं। जब भी धारचूला से सेना के जवानों का काफिला गुजरता है तो सीमांत के लोग, छोटे बच्चे तिरंगे झंडे और भारत माता की जय के साथ सैनिकों का हौसला बढ़ा रहे हैं।
विज्ञापन

3 of 5
- फोटो : amar ujala
सेवानिवृत्त सैनिक कल्याण सिंह का कहना है कि ऐसी परिस्थितियों में सेना का हौसला बढ़ाना जरूरी है। व्यापार संघ अध्यक्ष भपेंद्र थापा, समाजसेवी नवीन खर्कवाल, समाजसेवी नंदा बिष्ट का कहना है कि सीमांत के लोग सेना के साथ कंधे से कंधा मिलाकर खड़े हैं। 
 

4 of 5
- फोटो : File Photo
नेपाल आर्मी के हेलीकॉप्टर ने सीमा पर गश्त तेज कर दी है। हेलीकॉप्टर से पैदल रास्तों के निर्माण के लिए सामान भी पहुंचाया जा रहा है। कालापानी, लिंपियाधूरा विवाद के बाद नेपाल ने दार्चूला से तिंकर तक पैदल रास्ते और सड़क निर्माण का कार्य तेज कर दिया है। इसी कारण ये हेलीकॉप्टर से  सामान पहुंचाने के साथ-साथ गश्त भी की जा रही है। 
विज्ञापन
विज्ञापन

5 of 5
- फोटो : अमर उजाला (file photo)
व्यास और दारमा घाटी में सेना, आईटीबीपी और एसएसबी ने गतिविधियां तेज कर दी हैं। बता दें कि व्यास घाटी का कुछ हिस्सा नेपाल सीमा से भी लगा हुआ है। इस कारण एसएसबी ने यहां पर कांबिग अभियान तेज कर दिया है। दारमा वैली में आईटीबीपी और सेना चीन सीमा से लगे क्षेत्रों में लगातार गश्त कर रही है। 
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें