फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

आफत की बारिश: कईं मकान मलबे में दबे, बाढ़ के सैलाब में बह गए खेत, रह गए तो बस तबाही के निशां, तस्वीरें

Sun, 21 Aug 2022 09:15 PM IST
अलका त्यागी संवाद न्यूज एजेंसी, कोटद्वार
विज्ञापन
1 of 6
कोटद्वार में बारिश से तबाही - फोटो : अमर उजाला
उत्तराखंड में कोटद्वार के यमकेश्वर ब्लॉक में शुक्रवार देर रात हुई भारी बारिश के बाद सतेड़ी नदी समेत अन्य गदेरों में आई बाढ़ से कई मकानों और सैकड़ों नाली कृषि भूमि को नुकसान हुआ है। कई मकान मलबे में दब गए हैं साथ ही शिव मंदिर का गेट और इंटर कॉलेज के रास्ते की पुलिया बह गई है।

अपनों को ढूंढती आंखें: मलबे में दफन लोगों की तलाश, एक ही परिवार के पांच समेत 13 लोग लापता, देखें तस्वीरें

रविवार को क्षेत्रीय विधायक रेनू बिष्ट और तहसीलदार मंजीत गिल ने आपदा प्रभावित क्षेत्रों का दौरा किया। जिला पंचायत सदस्य विनोद डबराल ने बताया कि आपदा से शिव मंदिर यमकेश्वर का गेट क्षतिग्रस्त हो गया और जनता इंटर कालेज के रास्ते की पुलिया बह गई।

Nainital: कोसी नदी में नहाते समय डूबे दो युवक, एक का शव बरामद, दूसरे की तलाश जारी

उन्होंने बताया कि यमकेश्वर बाजार में बाढ़ का पानी दीपक जोशी की दुकान में घुस गया जिससे सारा सामान खराब हो गया। साथ ही बाढ़ में एक कार भी बह गई। उन्होंने बताया कि सतेड़ी नदी का बहाव पलटने से बडोली और उमरौली गांव में भगत सिंह, सुरेंद्र सिंह, सोमवीर सिंह समेत अन्य ग्रामीणों की करीब 100 नाली भूमि बाढ़ में बह गई। साथ ही फसलों को काफी नुकसान पहुंचा है। 
विज्ञापन

2 of 6
कोटद्वार में बारिश से तबाही - फोटो : अमर उजाला
मंजेड़ा गांव में देवेंद्र सिंह, गणपत सिंह के घरों में भी पानी घुस गया। साथ ही आटा चक्की के अंदर पानी घुसने से वहां रखा अनाज भी खराब हो गया। गांव में कई खेत बाढ़ में बह गए हैं। उन्होंने बताया कि जिया दमराडा गांव में रामेश्वर रतूड़ी का भवन और यमकेश्वर स्थित कृषि विभाग का कार्यालय, सत्संग भवन खतरे की जद में है। ग्राम आवई में ग्रामीण रामचंद्र कुकरेती और अशोक उनियाल के भवन मलबे में दब गए हैं।
विज्ञापन

3 of 6
कोटद्वार में बारिश से तबाही - फोटो : अमर उजाला
चाई दमराडा निवासी विनोद डबराल के चार मछली के तालाब, ट्रैक्टर ट्राली, मिक्चर मशीन, सरिर्या, इंटें सैटरिंग का सामान और कृषि यंत्र बह गए। रैनाबाड़ी गांव में अर्जुन सिंह, धनवीर सिंह के मछली के तालाब बह गए। जबकि किशोर सिंह का एक घोड़ा दबकर मर गया। ठिंगाबाज और ठांगर गांव में काश्तकारों की 50 नाली कृषि भूमि बाढ़ में बह गई। सीला नहर का करीब 150 मीटर हिस्सा और गाजसेरा नहर का 100 मीटर हिस्सा बाढ़ में बह गया।

4 of 6
कोटद्वार में बारिश से तबाही - फोटो : अमर उजाला
सीला गांव में महेंद्र सिंह की गोशाला व रसोई बाढ़ में बह गई। तिमल्याणी गांव में ग्रामीणों के खेत और सिंचाई विभाग की सुरक्षा दीवार बाढ़ में बह गए। नैल, बडोली, सिगड्डी, घाई खाल में पांच छह मकानों को नुकसान पहुंचा है। क्षेत्रीय विधायक रेनू बिष्ट और तहसीलदार मंजीत गिल ने प्रभावित क्षेत्रों का दौरा कर नुकसान का जायजा लिया। उन्होंने ग्रामीणों को हरसंभव मदद का भरोसा दिया।
विज्ञापन

5 of 6
कोटद्वार में बारिश से तबाही - फोटो : अमर उजाला
वहीं, आपदा के बाद सड़कों, विद्युत लाइनों, पेयजल योजनाओं को काफी नुकसान पहुंचा है। प्रभावित क्षेत्रों का दौरा कर विभागीय अधिकारी नुकसान का जायजा ले रहे हैं। आपदा से रणचूला पंपिंग पेयजल योजना के पाइप और बिजली के पोल बहने से डांडा मंडल के देवराणा, तिमलाणी, अमोला, ताच्छला, धारकोट, रामजी वाला, सुंडा समेत 12 ग्राम पंचायतों में पानी का संकट पैदा हो गया है। जलसंस्थान के जेई शूरबीर चौहान ने बताया कि आपदा मद में पेयजल योजनाओं की मरम्मत के लिए प्रस्ताव भेजा जाएगा।
विज्ञापन
विज्ञापन

6 of 6
कोटद्वार में बारिश से तबाही - फोटो : अमर उजाला
भारी बारिश से लोनिवि और पीएमजीएसवाई की सड़कों को भारी नुकसान पहुंचा है। मलबा आने से लोनिवि और पीएमजीएसवाई की 26 सड़कें बंद हैं। ऐसे में दर्जनों गांवों के ग्रामीण कई किमी पैदल चलने के लिए मजबूर हैं। संबंधित विभागों की ओर से जेसीबी लगाकर मार्गों को खोलने के प्रयास किए जा रहे हैं।
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें