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कुंभ मेला 2021: जूना अखाड़े की पेशवाई में मास्क पहनकर संत देंगे कोविड बचाव का संदेश, बहुत कुछ होगा खास

Tue, 23 Feb 2021 06:04 PM IST
अलका त्यागी न्यूज डेस्क, अमर उजाला, हरिद्वार
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हरिद्वार में कुंभ की तैयारी का जायजा लेते संत - फोटो : अमर उजाला फाइल फोटो
हरिद्वार में श्री पंचदशनाम जूना और अग्नि अखाड़ा की पेशवाई की तैयारियां शुरू हो गई हैं। पेशवाई चार मार्च को निकाली जाएगी। हाथी, रथों, घोड़ों के साथ भव्य यात्रा में उत्तराखंड के कुमाऊंनी और गढ़वाली संस्कृति की झलक दिखेगी। शोभायात्रा में देवभूमि के लोक वाद्य यंत्रों की गूंज रहेगी। सभी आचार्य महामंडलेश्वर और महामंडलेश्वर और संत कोविड से बचाव का संदेश भी देंगे। इसके लिए खुद मास्क पहनकर शोभायात्रा में शामिल होंगे। जूना अखाड़ा के महामंडलेश्वर वीरेंद्रानंद गिरि ने यह जानकारी दी। भूपतवाला स्थित सत्कर्म मिशन में पत्रकारों से बातचीत में महामंडलेश्वर वीरेंद्रानंद गिरि ने कहा कि धर्मध्वजा स्थापना और पेशवाई की तिथियां घोषित हो गई हैं। जूना, अग्नि और आह्वान अखाड़ा की धर्मध्वजा तीन मार्च को स्थापित होगी। चार मार्च को सुबह 11 बजे जूना अखाड़े और अग्नि अखाड़े की पेशवाई कांगड़ी प्रेमगिरि आश्रम से निकलेगी, जबकि पांच मार्च को आह्वान अखाड़ा की पेशवाई निकाली जाएगी। उन्हाेंने कहा कि जूना और अग्नि अखाड़ा की पेशवाई भव्य होगी। इसमें हाथी, घोड़े और बैंड बाजों के अलावा देवभूमि की संस्कृति आकर्षण का केंद्र होगी। इसमें उत्तराखंड के ढोल, दमाऊं, रणसिंघा, हुड़का जैसे वाद्य यंत्रों की गूंज रहेगी। छोलिया नृत्य की टीमें शोभायात्रा की शान बनेंगी। यात्रा करीब छह बजे जूना अखाड़ा की छावनी में प्रवेश करेगी। 
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आचार्य महामंडलेश्वर डॉ. लक्ष्मी नारायण त्रिपाठी - फोटो : अमर उजाला फाइल फोटो
किन्नर अखाड़ा के आचार्य महामंडलेश्वर डॉ. लक्ष्मी नारायण त्रिपाठी भी जूना अखाड़ा की पेशवाई में शामिल होंगी। 27 फरवरी तक महामंडलेश्वर डॉ. त्रिपाठी के हरिद्वार पहुंचने की उम्मीद है। उनकी टीम उनसे पहले हरिद्वार आ जाएगी और पेशवाई की तैयारियों में जुटेगी।
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हरिद्वार में कुंभ की तैयारी का जायजा लेते संत - फोटो : अमर उजाला फाइल फोटो
पंचायती अखाड़ा श्री निरंजनी के प्रांगण में 18 मणियों के ठहरने लिए छावनी बनाने का काम शुरू हो गया है। निरंजनी अखाड़ा के कुंभ मेला प्रभारी श्रीमहंत रविंद्रपुरी ने संतों के साथ भूमि आवंटन के लिए पैमाइश करवाई। उन्होंने जल्द से जल्द छावनी के निर्माण कार्य पूरा करने के निर्देश भी दिए। पंचायती अखाड़ा श्री निरंजनी अखाड़ा के मेला प्रभारी श्रीमहंत रविंद्रपुरी ने बताया कि एसएमजेएन पीजी कॉलेज में जमात के लिए छावनी बनाई जा रही है।

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प्रयागराज से हरिद्वार लाया गया पेशवाई का सामान - फोटो : अमर उजाला फाइल फोटो
इस स्थान से पेशवाई शुरू होकर निरंजनी अखाड़ा में पहुंचेगी। वहीं अखाड़ा प्रांगण में बनाई जा रही छावनियों से सभी मणियों में शामिल श्रीमहंत व अन्य संत प्रस्थान करेंगे। उन्होंने बताया कि कुंभ मेले के दौरान मार्च और अप्रैल माह तक सभी 18 मणियां के संत छावनियों में ठहरेंगे। उन्होंने कहा कि कुंभ मेले के दौरान श्रीमहंत और महंत पक्के मकानों में नहीं बल्कि शिविरों में ही ठहरते हैं। 
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कुंभ - फोटो : फाइल फोटो
उन्होंने बताया कि अखाड़ा के लगभग 50 महामंडलेश्वर कुंभ मेले में पहुंचेंगे। जिनके लिए आश्रम की जगहों पर दादू बाग कनखल, जगजीतपुर आईटीआई के पास, जगजीतपुर अखाड़ा के पास शिविर बनाए जाएंगे। श्रीमहंत राम रतन गिरि ने कहा कि पंचायती अखाड़ा श्री निरंजनी में बन रही छावनी में 9 मणि एक तरफ और 9 मणि दूसरी तरफ रहेंगी। इसी हिसाब से पैमाइश कर कार्य हो गया है। 
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