अस्पताल के ही एक स्ट्रेचर पर एक मरीज अपना हक बता रहा था तो दूसरा अपना। कुछ देर बाद वह अस्पताल के एक कर्मचारी को बुलाकर लाया तो स्ट्रेचर पर लेटे मरीज को हटा दिया गया। इसी बीच उसका तीमारदार दूसरा स्ट्रेचर बाहर से लाया। हालांकि, कुछ देर बाद दून अस्पताल में एमएस का दौरा हुआ तो इन मरीजों को भी लेटने के लिए स्ट्रेचर मुहैया करा दिया गया।