कोरोना जांच की रिपोर्ट अब 24 घंटे में आने लगी है, लेकिन युवती की रिपोर्ट तीन दिन तक नहीं दी गई। परिवार वाले तीन दिनों तक अपनी इकलौती बेटी का शव बेबस होकर सड़ता हुआ देखते रहे। यह खामी किसकी रही कि रिपोर्ट आने में इतना समय लग गया और क्या उस परिवार की पीड़ा के लिए सरकार या प्रशासन जिम्मेदार नहीं है। चूंकि लड़की एक गरीब परिवार से ताल्लुक रखती है, लिहाजा यह मामला सब भूल जाएंगे।