खंडूड़ी ने कहा था कि गिर जाने से उनके पैर में चोट लगी। बाद में डॉक्टरों ने भी उनके बयान की पुष्टि की। हालांकि, कुछ दिन बाद विधानसभा अध्यक्ष गोविंद सिंह कुंजवाल ने बयान दिया कि गोली चैंपियन ने ही चलाई थी। इसके बाद चैंपियन पर पुलिस ने केस तो दर्ज किया, लेकिन थाने से ही जमानत दे दी गई। चैंपियन पर केस होने के बाद भी खंडूड़ी ने अपना बयान नहीं बदला। सूत्रों के मुताबिक खंडूड़ी परिचितों से अकसर कहते थे कि उन्होंने चैंपियन के खिलाफ इसलिए बयान नहीं दिया कि उनके चैंपियन के पिता से अच्छे संबंध थे।