नोटबंदी के बाद कैश के लिए जूझ रहे लोगों को अब अजीबोगरीब स्थिति का सामना करना पड़ रहा है। मंगलवार को कुडकावाला निवासी अनीस को बैंक ने बुधवार को बीस हजार रुपये के सिक्के थमा दिए। ऐसे में उन्हें सिर पर सिक्कों को ढोकर ले जाना पड़ा।
विज्ञापन
2 of 6
noteban
- फोटो : AmarUjala
नोटबंदी के 16 दिनों बाद भी बैंकों से लोगों को पर्याप्त नकदी नहीं मिल पा रही है। शादी और अन्य आयोजनों से लेकर लोगों को जरूरत के सामान खरीदने में भी हाथ रोकना पड़ रहा है। वहीं बैंक से अब अधिक कैश निकासी पर लोगों को दूसरी फजीहत झेलनी पड़ रही है।
विज्ञापन
3 of 6
anis with coins
- फोटो : AmarUjala
बुधवार को कुडकावाला निवासी ठेकेदार अनीस ओरियंटल बैंक ऑफ कामर्स कैश लेने पहुंचे थे। ब्रांच में कैश समय पर नहीं पहुंचा। नोट न होने पर बैंक ने अनीस को बीस हजार के दस-दस के सिक्कों के बैग थमा दिए।
4 of 6
10 रुपये का सिक्का
जरूरत को देखते हुए अनीस ने सिक्के लेना मुनासिब समझा। अनीस ने बताया कि काम करने वालों मजदूरों को मजदूरी भी देनी होती है। ऐसे में वह बड़े नोट का इंतजार नहीं कर सकते। वह इन रूपयों को मजदूरी में बांट देंगे जिससे मजदूरों की जरूरतें पूरी होंगी।
विज्ञापन
5 of 6
currency
बैंक से वह सिक्कों से भरा थैला सिर पर रखे वह घर की ओर चले तो हर कोई उन्हें हैरत से देख रहा था। बकौल अनीस उन्हें पहली बार ऐसी परिस्थिति से रूबरू होना पड़ा है।
बिहार : पुराने नोट को लेकर दुकानदारों के बीच चाकूबाजी
- फोटो : social media
नोटबंदी के बाद लोगों के सामने ऐसे तमाम हास्यास्पद मामले सामने आ रहे हैं। वहीं बैंक प्रबंधन की ओर से बताया कि बैंक में कैश उपलब्ध न होने के चलते सिक्के दिए गए थे।