अंकिता भंडारी की मां
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इधर, याचिकाकर्ता आशुतोष नेगी ने कहा कि वह अपने निजी खर्च पर मुकदमा लड़ रहे हैं। चंदे से 49 हजार जमा किए हैं, उसमें से एक पाई भी खर्च नहीं हुआ है। उन्होंने कहा कि याचिका वापस लेने का दबाव डाला जा रहा है। लेकिन हम पीछे नहीं हटेंगे। यदि सुप्रीम कोर्ट तक जाना पड़े तो जाएंगे।