अगर कुछ करने का जज्बा है तो कोई भी कठिनाई आपकी सफलता में आड़े नहीं आएगी। यह बात एकदम सटीक बैठती है हॉकी खिलाड़ी मनीषा तंवर पर। मनीषा के पिता मनोज मजदूरी कर परिवार का पालन-पोषण कर रहे हैं। मगर इन विपरीत परिस्थितियों के बावजूद मनीषा हॉकी में अपना व अपने परिजनों का नाम रोशन कर रही है। मनीषा अपने चार साल के करियर में दो बार स्कूल नेशनल प्रतियोगिता में न सिर्फ भाग ले चुकी है, बल्कि दोनों बार हरियाणा को सोना दिला चुकी है।