भगत सिंह, राजगुरु, सुखदेव
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बता दें कि करणजीत सिंह संधू ने इसे वापस पंजाब लाने की मांग करते हुए सरकार को पत्र लिखा था। पंजाब सरकार ने पत्र लिखकर सीमा सुरक्षा बल (बीएसएफ) से यह पिस्टल मांगी थी। सरकार इस पिस्टल को शहीद भगत सिंह के जन्मस्थल खटकड़कलां में बने संग्रहालय में सुशोभित करना चाहती है।
करणजीत सिंह संधू ने बताया कि अक्टूबर, 1969 तक शहीद भगत सिंह की यह पिस्टल पंजाब पुलिस अकादमी फिल्लौर के कब्जे में थी। फिल्लौर अकादमी की फाइलों से मिली पिस्तौल की डिटेल में पता चला कि उक्त पिस्तौल को फिल्लौर अकादमी में 7 अक्टूबर, 1969 को 7 अन्य हथियारों के साथ इंदौर सीएसडब्ल्यूटी ट्रांसफर किया गया। यहां द्वितीय विश्व युद्ध के हथियारों के साथ इसे म्यूजियम में डिस्प्ले कर दिया गया। हथियार खराब न हो इसलिए इस पर पेंट किया गया।