‘हम तो डूबेंगे सनम, तुमको भी ले डूबेंगे।’ कुछ ऐसी ही तर्ज पर नवजोत सिंह सिद्धू ने पंजाब कांग्रेस का किला धराशायी करने के बाद बुधवार को प्रदेश प्रधान पद से अपना इस्तीफा पार्टी अध्यक्ष सोनिया गांधी को भेज दिया। पंजाब विधानसभा चुनाव में कांग्रेस के दिग्गजों का भी मानना है कि सिद्धू की मुख्यमंत्री बनने की महत्वाकांक्षा पार्टी की हार का मुख्य कारण बनी। 2017 में कैप्टन अमरिंदर सिंह के नेतृत्व में कांग्रेस सरकार के गठन और सिद्धू को स्थानीय निकाय विभाग का मंत्री बनाए जाने के बाद बीते पांच साल के दौरान पहले तो सिद्धू ने कैप्टन के खिलाफ सार्वजनिक तौर पर मुहिम चलाई।