भाकियू उगराहां ने फेसबुक पर पोस्ट की फोटो।
ऐसी रहीं लोगों की प्रतिक्रियाएं
अमेरिका से जोबन खहरा ने किसान यूनियन के फेसबुक पेज पर टिप्पणी करते हुए लिखा है कि कानून को रद्द करवाने के बहाने कामरेडों ने सरकार को मांग पत्र दिया है कि इन कामरेड को जेलों से रिहा किया जाए। इसके साथ उन्होंने चार सवाल भी रखे हैं, जिनके जवाब भी खुद दिए हैं। क्या कामरेड पंजाब के हैं, इसका जवाब है नहीं, ये अन्य प्रदेशों से हैं। सवाल अन्य मुद्दों पर गिरफ्तार कामरेडों से पंजाब को क्या लेना देना है, इसका जवाब है कि कुछ नहीं। अमृतसर निवासी रजनीश कौर कहती हैं कि अर्बन नक्सल को सपोर्ट नहीं किया जाए, सिर्फ किसानों को सपोर्ट करो। लुधियाना निवासी अमनिंदर सिंह का कहना है कि बंदी सिखों की रिहाई पर कुछ नहीं बोलते। अब किसान आंदोलन की आड़ में अपना मतलब निकालना शुरू कर दिया।