8वीं कक्षा में पढ़ने वाली 12 साल की बेटी झलक। पिता की इकलौती बेटी। पिता चल बसे तो झलक ने पिता की अर्थी को कंधा दिया, ब्लकि मुखाग्नि भी दी। तस्वीरें।
विज्ञापन
12 साल की इकलौती बेटी ने उठाई पिता की अर्थी, दी मुखाग्नि
2 of 5
मामला, हरियाणा के रोहतक इलाके का है। यहां इलेक्ट्रोनिक्स सामान की सप्लाई करने वाले सुनील की कैंसर से मौत हो गई। उसकी 12 साल की इकलौती बेटी झलक ने उन्हें मुखाग्नि दी।
विज्ञापन
12 साल की इकलौती बेटी ने उठाई पिता की अर्थी, दी मुखाग्नि
3 of 5
मृतक सुनील के दोस्त बिट्टू ने बताया कि झलक की मां के मायके वाले और परिवार वालों ने खुद झलक से ही मुखाग्नि दिलवाई है। झलक सुनील की बहुत लाडली रही थी।
12 साल की इकलौती बेटी ने उठाई पिता की अर्थी, दी मुखाग्नि
4 of 5
आठवीं कक्षा में पढ़ने वाली झलक के पिता को काफी समय से ब्लड कैंसर था। पिछले चार महीनों से वे पीजीआई में भर्ती थे। बृहस्पतिवार रात को आर्य नगर निवासी सुनील ने उपचार के दौरान दम तोड़ दिया।