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करनाल में महापड़ाव: कोई पढ़ रहा अखबार तो कोई पी रहा हुक्का, तस्वीरों में देखें किसानों के धरने का तीसरा दिन

Thu, 09 Sep 2021 06:02 PM IST
ajay kumar न्यूज डेस्क, अमर उजाला, चंडीगढ़
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करनाल में किसानों का धरना। - फोटो : एएनआई/अमर उजाला
हरियाणा के करनाल में किसान तीसरे दिन भी लघु सचिवालय के गेट पर डटे हैं। दो दिन पहले शहर में जहां तनाव जैसी स्थिति थी तो वहीं अब सबकुछ सामान्य है। कोई अखबार पढ़ रहा है तो कोई लंगर तैयार करने में जुटा है। लघु सचिवालय के बाहर का पूरा माहौल ही बदल गया है। महिलाएं लंगर की तैयारी में जुटी रहीं। किसान नेता लोगों को संबोधित करते दिखे। किसान नेताओं का कहना है कि लघु सचिवालय में लोगों को अधिकारियों को प्रवेश करने से नहीं रोका जाएगा। आईजी ममता सिंह भी मैदान में दिखीं। उन्होंने पुलिसकर्मियों को जरूरी दिशानिर्देश दिया। सिंघु और टीकरी बॉर्डर जैसा माहौल करनाल के लघु सचिवालय के बाहर दिख रहा है। बारी-बारी से किसान धरने पर आ रहे हैं। सड़क किनारे किसान हुक्का पीते नहर आए तो वहीं पंखे के सामने बैठ कुछ किसान सड़क पर ही आराम कर रहे हैं। जगह-जगह किसानों के लिए नाश्ता और लंगर का इंतजाम किया गया है। 
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लंगर तैयार करने में जुटीं महिलाएं। - फोटो : अमर उजाला
बता दें कि 28 अगस्त को करनाल के बसताड़ा टोल प्लाजा पर किसानों पर पुलिस ने लाठीचार्ज किया था। इस दौरान लगभग 10 लोग घायल हुए थे। किसानों ने लाठीचार्ज के दोषी अधिकारियों और करनाल के तत्कालीन एसडीएम आईएएस अधिकारी आयुष सिन्हा पर कार्रवाई की मांग की थी। इसके लिए छह सितंबर तक का समय दिया था लेकिन सरकार ने किसानों की मांग नहीं मानी।
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आराम करते और अखबार पढ़ते किसान। - फोटो : एएनआई
इसके बाद छह सात सितंबर को किसानों ने करनाल में पहले महापंचायत की, इसके बाद लघु सचिवालय कूच किया। किसान तीन दिन से लघु सचिवालय के गेट पर धरने पर बैठे हैं। उनका कहना है कि जब तक दोषियों पर कार्रवाई और मृतक किसान व घायलों को मुआवजा नहीं मिल जाता है तब तक धरना जारी रहेगा। 

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हुक्का पीता किसान। - फोटो : एएनआई
आयुष सिन्हा का वीडियो हुआ था वायरल
किसान करनाल के तत्कालीन एसडीएम आईएएस अधिकारी आयुष सिन्हा को निलंबित करने पर अड़े हैं। बता दें आयुष सिन्हा का एक वीडियो वायरल हुआ था, जिसमें वह पुलिसकर्मियों को नाका पार करने वाले प्रदर्शनकारियों का 'सिर फोड़ने' का आदेश दे रहे हैं। हालांकि विवाद बढ़ने के बाद हरियाणा सरकार ने आयुष सिन्हा का तबादला कर दिया था। वहीं किसान नेताओं का कहना है कि स्थानांतरण कोई सजा नहीं है।
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किसानों के लिेए चाय और ब्रेड की व्यवस्था। - फोटो : एएनआई
मोबाइल इंटरनेट सेवा बंद
हरियाणा सरकार ने गुरुवार मध्यरात्रि तक करनाल में मोबाइल इंटरनेट सेवाओं को निलंबित कर दिया है। अब रात 11:59 बजे तक इंटरनेट सेवा बंद रहेगी। किसान नेताओं और प्रशासन के बीच कई दौर की वार्ता हुई लेकिन कोई नतीजा नहीं निकला। बुधवार को भी किसानों व प्रशासन के बीच वार्ता विफल रही। इसके बाद किसान अनिश्चितकालीन धरने पर बैठ गए हैं। 
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धरनास्थल पर तैनात पुलिसबल। - फोटो : अमर उजाला
उधर, हरियाणा सरकार ने कहा कि पूरे करनाल प्रकरण की निष्पक्ष जांच को तैयार है लेकिन केवल मांग के आधार पर किसी पर कार्रवाई नहीं की जा सकती। बता दें कि किसान नेताओं ने दावा किया कि 28 अगस्त को लाठीचार्ज के बाद एक किसान की मौत हो गई। हालांकि प्रशासन ने इस आरोप को खारिज कर दिया। किसान मृतक किसान के आश्रितों को 25 लाख रुपये व सरकारी नौकरी की मांग की। प्रशासन ने इसे भी ठुकरा दिया। वहीं किसान संगठन आईएएस अधिकारी आयुष सिन्हा के निलंबन पर अड़े हैं। जबकि सरकार मामले की जांच करने की बात कह रही है।
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