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कॉलेजों के अंदर की ऐसी 13 तस्वीरें आपको चौंका सकती हैं?

Wed, 08 Jul 2015 08:15 AM IST
ब्यूरो/अमर उजाला, चंडीगढ़
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चंडीगढ़ में मिशन एडमिशन जोर-शोर से चल रहा है। कॉलेजों में काउंसिलिंग हो रही है। हजारों स्टूडेंट्स दाखिले के लिए जद्दोजहद कर रहे हैं। देखिए तस्वीरें। रिपोर्टः संजीव पंगोत्रा
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कॉलेजों के अंदर की ऐसी 13 तस्वीरें आपको चौंका सकती हैं?

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सभी सरकारी और प्राइवेट कॉलेजों में बीए, बीबीए, बीसीए, नॉन मेडिकल और मेडिकल में दाखिले के लिए खूब मारामारी रही। सुबह 9 बजे से ही यह प्रक्रिया शुरू हो गई थी। समय से पहले ही काफी संख्या में स्टूडेंट्स और उनके अभिभावक कॉलेज परिसर मे पहुंच गए थे।
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बीबीए के लिए एडमिशन गवर्नमेंट कॉलेज कॉमर्स-42 और जीसीएम-11 में हुए। दोनों कॉलेजों में पहले दिन ही यूटी पूल और जनरल पूल की सभी सीटें भर गईं। जरनल पूल में गवर्नमेंट कॉलेज-11 में कट ऑफ 88.6 सबसे कम और 89 सबसे अधिक रही।

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वहीं गर्वमेंट कॉलेज कॉमर्स-42 में सबसे अधिक  88.6 और 84.4 फीसदी सबसे कम रही। यूटी पूल में गवर्नमेंट कॉलेज कॉमर्स-42 में कट ऑफ लिस्ट सबसे अधिक 91.4 और 74.2 सबसे कम रही। जीसीएम-11 में 84 प्रतिशत सबसे अधिक और 69.6 प्रतिशत न्यूनतम रही।
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एमसीएम डीएवी कॉलेज-36 में सभी स्ट्रीम की सीटें लगभग भर चुकी हैं। पिछले साल की अपेक्षा इस बार कट ऑफ लिस्ट काफी ऊंची रही। एमसीएम-36 में बीसीए के लिए 75 प्रतिशत, बीएससी मेडिकल के लिए 83 प्रतिशत, बीएससी नॉन मेडिकल में 83 प्रतिशत कट ऑफ रही। वहीं बीए के इंग्लिश के लिए-86 प्रतिशत, इकोनोमिक्स के लिए 85 प्रतिशत रही।
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इस बार तो कट ऑफ ने सभी रिकार्ड तोड़ दिए। बीकॉम और इंजीनियरिंग की तरह इन कालेजों में भी बीएससी मेडिकल, बीएससी नॉन मेडिकल में दाखिले का जबर्दस्त क्रेज दिखा। इस बार प्राइवेट के मुकाबले सरकारी कालेजों में दाखिले की ज्यादा जद्दोजहद दिखी।
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बीएससी मेडिकल और नॉन मेडिकल में 90 फीसदी से कम वालों को दाखिला ही नहीं मिल सका। पहली बार आर्ट्स (बीए) में दाखिले के लिए भी स्टूडेंट्स के पसीने छूट गए। जीसीजी-11 में बीए प्रथम वर्ष में जनरल कैटेगरी में 75 फीसदी अंक पाने वाली छात्राओं को ही दाखिला दिया गया। इस बार भी 60-65 फीसदी के बीच ही कटऑफ रहने की उम्मीद है।

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प्रिंसिपल अचला डोगरा ने बताया कि आर्ट्स फिर से युवाओं के बीच फेवरेट बन रहा है। बीए में 90 फीसदी से अधिक 18 छात्राओं को पहले दिन दाखिला मिला, जबकि बीए में 90 फीसदी से अधिक अंक पाकर आवेदन करने वालों की संख्या 50 से अधिक थी। जीसी-11 में दाखिले के पहले दिन बीए का कट ऑफ 65 फीसदी रहा। बीएससी नॉन मेडिकल की कुछ सीटों के लिए मंगलवार को भी जीसीजी-11 में काउंसिलिंग होगी।

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सरकारी कालेजों में बीएससी मेडिकल और नॉन मेडिकल संकाय में दाखिले के लिए पहली बार जबर्दस्त मारामारी देखी गई। जीसीजी-11 में बीएससी नॉन मेडिकल के लिए काउंसिलिंग हुई। दो घंटे के भीतर ही जनरल पूल (आउटसाइड यूटी) की सभी सीटें भर गईं।

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जीसीजी-11 में नॉन मेडिकल में जनरल पूल में कट ऑफ 94.67 और यूटी पुल में 78 फीसदी पर ही दाखिला मिल सका। बीएससी मेडिकल में जीसीजी-11 में यूटी पूल में कट आऍफ 90.8 फीसदी और जनरल पूल में 90.8 फीसदी रहा।

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सरकारी कालेजों में दाखिले के बाद हॉस्टल के लिए भी काफी जद्दोजहद होने वाली है। सीमित सीटों के कारण 80 फीसदी वाले स्टूडेंट्स को भी हॉस्टल की गारंटी नहीं है। जीसीजी-11 में पहले दिन 77 छात्राओं को हॉस्टल अलॉट किए गए। हॉस्टल का कट ऑफ 83.8 फीसदी रहा।

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उधर, जीसी-11 और जीसीजी-42 में पहले दिन 80 से 85 फीसदी वालों के लिए हॉस्टल अलॉटमेंट को अप्रूवल दी गई। सरकारी कालेजों में प्रथम वर्ष में 130 से 150 सीटें हैं। पहले ही दिन आधे से अधिक हॉस्टल की सीटें भर गई हैं।
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इस तरह, पहले दिन एडमिशन होने पर कई के चेहरे खिले तो कई को निराशा हाथ लगी। बहुत सारे स्टूडेंट्स ने एक साथ कई कॉलेजों में आवेदन दिया था। इनमें से जब उनका एक कॉलेज में एडमिशन नहीं हुआ तो वह दूसरे कॉलेजोंकी ओर दौड़ लगाते नजर आए। स्टूडेंट्स किसी भी हालत में एडमिशन का नहीं गंवाना चाहते थे।
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