द्रोणाचार्य अवार्ड दिए जाने की घोषणा के बाद मशहूर पहलवान महाबीर फोगट ने खेल मंत्रालय के खिलाफ दंगल छेड़ दिया है।
विज्ञापन
2 of 5
द्रोणाचार्य अवार्ड की घोषणा पर महावीर फोगट का बड़ा बयान
- फोटो : फाइल फोटो
ओलंपिक में बबीता के पदक से चूकने और विनेश के चोटिल होने के बाद खेल मंत्रालय की घोषणा ने निराश परिवार को सुकून दिया, लेकिन महाबीर फोगट खास खुश नहीं हैं। वे कहते हैं कि यह अवॉर्ड तो चार-पांच साल पहले मिलना चाहिए था। खैर, अब मिल रहा है, तो वे खेल मंत्री और भारतीय कुश्ती फेडरेशन के अध्यक्ष ब्रजभूषण सिंह के आभारी हैं।
विज्ञापन
3 of 5
द्रोणाचार्य अवार्ड की घोषणा पर महावीर फोगट का बड़ा बयान
- फोटो : फाइल फोटो
अमर उजाला से बातचीत में महाबीर ने कहा कि उनकी उपलब्धियों के अंक जोड़े जाएं तो कोई नजदीक भी नहीं है। जिनको अवार्ड मिल चुका है और उनकी उपलब्धि और खुद की उपलब्धियों को तोला जाए तो दिन-रात जितना फर्क मिलेगा। सरकार ने ऐसे-ऐसे लोगों को अवॉर्ड दे दिया, जिन्होंने जिला स्तरीय खिलाड़ी तैयार नहीं किए। ये चीजें दुख पहुंचाती हैं।
4 of 5
द्रोणाचार्य अवार्ड की घोषणा पर महावीर फोगट का बड़ा बयान
- फोटो : अमर उजाला
ऐसा भेदभाव क्यों हुआ आपके साथ, इस सवाल के जवाब में महाबीर पहलवान ने कहा कि केवल और केवल धांधलेबाजी ही इसके लिए जिम्मेदार है। अपनी चार बेटियों और दो भतीजियों को कुश्ती के अखाड़े में उतारने वाले महाबीर पहलवान रियो ओलंपिक को भूल जाना चाहते हैं। उनका कहना है कि अगले ओलंपिक के लिए उन्होंने अभी से अपना लक्ष्य तय कर लिया है।
द्रोणाचार्य अवार्ड की घोषणा पर महावीर फोगट का बड़ा बयान
- फोटो : अमर उजाला
महाबीर फोगट चाहते हैं कि बबीता, विनेश, संगीता, ऋतु और प्रियंका अगले ओलंपिक में जाएं और गोल्ड मेडल लेकर आएं। इस लक्ष्य को हासिल करने के लिए वे हरसंभव प्रयास करेंगे। बकौल महाबीर, मैं बैंत ले आया हूं। आप समझ सकते हो इसका क्या मतलब है। यानी, वे कड़े अनुशासन में तीन बेटी और दो भतीजियों को ट्रेनिंग देंगे।