विश्व भर में जहां ऐसी ट्रेन को बनने में 2 से 3 साल का समय लगता है, वहीं इस ट्रेन को कोच फैक्ट्री ने मेक इन इंडिया के तहत 16 महीने में तैयार कर दिया है। इस ट्रेन में इंजन नहीं होगा, हर कोच अपने आप में पॉवर वेगन का काम करेगा। स्वदेशी तकनीक पर तैयार यह ट्रेन हाई स्पीड इलेक्ट्रिक मल्टीपल यूनिट ट्रेनसेट होगी।