Surya Grahan 2026 Place, Date And Timings: 17 फरवरी को साल 2026 का पहला सूर्य ग्रहण लगने जा रहा है। यह एक वलयाकार सूर्य ग्रहण होगा, जो आसमान में आग के छल्ले जैसा दिखेगा। यह ग्रहण दक्षिण अफ्रीका, अर्जेंटीना और अंटार्कटिका के दूरदराज के हिस्से में दिखाई देगा। आज हम आपको बताते हैं कि रिंग ऑफ फायर क्या होता है और इससे जुड़ी कुछ रोचक बातें।
कब लगता है सूर्य ग्रहण?
- वलयाकार सूर्य ग्रहण को रिंग ऑफ फायर भी कहा जाता है। इस दौरान आसमान में एक आग का छल्ला दिखाई देता है। पृथ्वी के सबसे नजदीक का सितारा सर्य अपने स्थान पर स्थित है। सूर्य की पृथ्वी परिक्रमा करती है। चंद्रमा भी पृथ्वी की तरह सूर्य की परिक्रमा करता है, लेकिन चांद धरती का भी चक्कर लगाता है। कई बार चंद्रमा घूमते हुए सूर्य और पृथ्वी के बीच में आ जाता है।
- इससे कुछ समय के लिए सूर्य के प्रकाश को धरती पर आने से रोक देता है। इस खोगलीय घटना को सूर्य ग्रहण कहा जाता है। इस दौरान चंद्रमा की परछाई धरती पर पड़ती है। जब सूर्य और पृथ्वी के बीच चंद्रमा आ जाता है, तो चांद के पीछे सूर्य का बिंब कुछ समय के लिए पूरी तरह से ढक जाता है। इस प्रक्रिया को ही सूर्य ग्रहण लगना कहा जाता है।