कोरोना काल में उद्योग जगत को खासा नुकसान उठाना पड़ा है जिसमें ऑटोमोबाइल इंडस्ट्री भी शामिल है। वाहनों की बिक्री में आई गिरावट से वाहन उद्योग पर काफी बुरा असर पड़ रहा है।
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ऑटोमोबाइल उद्योग
- फोटो : PTI (For Reference Only)
कोरोना काल में उद्योग जगत को खासा नुकसान उठाना पड़ा है जिसमें ऑटोमोबाइल इंडस्ट्री भी शामिल है। वाहनों की बिक्री में आई गिरावट से वाहन उद्योग पर काफी बुरा असर पड़ रहा है। हालांकि वैक्सीनेशन की रफ्तार तेज होने और लॉकडाउन के प्रतिबंधों को हटाने जाने के साथ ही वाहन उद्योग में सुधार के संकेत मिलने लगे थे। लेकिन सेमीकंडक्टर चिप की कमी के वैश्विक संकट ने वाहनों की बिक्री पर एक बार फिर से बुरा असर डाला है। इसकी वजह से वाहनों की बिक्री में खासी गिरावट दर्ज की गई है।
वाहन उद्योग के संगठन सियाम ने शुक्रवार को बताया कि वैश्विक स्तर पर सेमीकंडक्टर की कमी से यात्री वाहनों की थोक बिक्री अक्तूबर, 2021 में 27 प्रतिशत घटकर 2,26,353 यूनिट्स रह गई। इससे पिछले साल अक्तूबर में 3,10,694 यूनिट्स की थोक बिक्री हुई थी।
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दोपहिया वाहन
- फोटो : Bajaj Auto (For Reference Only)
सोसाइटी ऑफ इंडियन ऑटोमोबाइल मैन्युफैक्चरर्स (सियाम) की तरफ से जारी ताजा आंकड़ों के मुताबिक, अक्तूबर में कुल 1,60,070 दोपहिया वाहन डीलरों तक पहुंचाए जा सके। एक साल पहले की समान अवधि में यह संख्या 20,53,814 यूनिट्स थी।
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मोटरसाइकिल
- फोटो : Amar Ujala
इसी तरह मोटरसाइकल की आपूर्ति में भी 26 फीसदी की गिरावट आई और कुल 10,17,874 वाहन देशभर में डीलर के पास भेजे जा सके। अक्तूबर, 2020 में यह संख्या 13,82,749 यूनिट्स थी।
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स्कूटर
- फोटो : For Reference Only
सियाम ने बताया कि पिछले महीने स्कूटर की बिक्री भी 21 प्रतिशत घटकर 4,67,161 यूनिट्स रही, जो एक साल पहले के इसी महीने में 5,90,507 यूनिट्स की थी।
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थ्री व्हीलर्स
- फोटो : istock
उद्योग निकाय के अनुसार पिछले महीने यात्री वाहनों, तिपहिया, दोपहिया और क्वाड्रिसाइकिल वाहनों का कुल उत्पादन 22,14,745 यूनिट्स का रहा, जो पिछले वर्ष अक्तूबर में हुए 28,30,844 यूनिट्स के उत्पादन से 22 प्रतिशत कम है।
सियाम के महानिदेशक राजेश मेनन ने कहा, "वाहन निर्माता चालू वित्त वर्ष के शुरुआत में हुई कम बिक्री से उबरने के लिए त्योहारी सीजन के दौरान मजबूत बिक्री की उम्मीद लगा रहे थे। सेमीकंडक्टर की कमी और कच्चे माल की कीमतों में वृद्धि से हालांकि उद्योग की उम्मीदों को बड़ा झटका लगा है।"