वैदिक ज्योतिष शास्त्र में ग्रह समय-समय पर गोचर करते हैं जिससे दूसरे ग्रहों संग युति का निर्माण होता है। इसी क्रम में अक्तूबर माह में कई ग्रहों की युति होगी। पंचांग के अनुसार, 4 अक्तूबर 2026 को चंद्रमा अपनी स्वराशि कर्क में गोचर करेंगे और जहां पहले से गुरु विराजमान हैं, इस तरह से कर्क राशि में गुरु और चंद्रमा की युति बनेंगे। ज्योतिष में गुरु-चंद्रमा की युति को बहुत ही शुभ संयोग माना जाता है। ज्योतिष शास्त्र के अनुसार, गुरु और चंद्रमा की युति होने से गजकेसरी योग का निर्माण होता है। इस योग से आर्थिक लाभ, ज्ञान में वृद्धि, मान-सम्मान की प्राप्ति होती है। पंचांग गणना के अनुसार, 4 अक्तूबर को चंद्रमा कर्क राशि में प्रवेश करेंगे जहां पर पहले से गुरु अपनी उच्च राशि कर्क में विराजमान हैं। यह युति 6 अक्तूबर तक रहेगी, जिससे इस दौरान कई राशियों को शुभ समाचार सुनने को मिल सकता है। आइए जानते हैं कौन-कौन सी राशियां हैं जो सबसे ज्यादा भाग्यशाली होंगी।