Chandra Grahan 2025
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चूंकि ग्रहण का साया भारत पर बना हुआ है, इसलिए इसका सूतक काल भी मान्य होगा। ऐसे में 7 सितंबर 2025 को सूतक काल दोपहर 12 बजकर 59 मिनट से शुरू होगा। इसके प्रारंभ होने पर किसी भी तरह की शुभ काम, खरीदारी, पूजा-पाठ, मंदिरों में जाना आदि कार्य नहीं करने चाहिए। इसलिए आप इस दिन दोपहर 12 बजकर 59 मिनट से पहले पहले श्राद्ध, पिंडदान, पवित्र नदियों में स्नान व तर्पण आदि पुण्य काम कर सकते हैं।