फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

बड़े बुजुर्ग इस तरह करते थे सुबह की शुरूआत, पूरा दिन जाता है अच्छा, बनी रहती है सुख-समृद्धि

Wed, 26 May 2021 07:53 PM IST
Shashi Shashi ज्योतिष डेस्क, अमर उजाला
विज्ञापन
1 of 8
प्रतीकात्मक तस्वीर - फोटो : iStock
हमारे शास्त्रों में दिनचर्या को लेकर कुछ महत्वपूर्ण नियम बताए गए हैं। हमारे बड़े बुजुर्ग इन नियमों का पालन करते आए हैं लेकिन आज की आधुकनिकता भरी चकाचौंध की जिंदगी में लोगों की दिनचर्या बिगड़ती जा रही है। कई बार व्यक्ति के जीवन में समस्याएं बढ़ने लगती हैं। क्या आपको पता है कि इसके पीछे व्यक्ति की स्वयं की आदते होती हैं। यदि जीवन में सुख-समृद्धि और खुशहाली चाहते हैं तो सर्वप्रथम कुछ आदतों में सुधार करना चाहिए साथ ही बिस्तर से उठते ही यदि आप कुछ कार्यों को करके अपने दिन की शुरूआत करते हैं तो आपका पूरा दिन अच्छा जाता है साथ ही जीवन में सुख-समृद्धि बनी रहती है।
विज्ञापन

2 of 8
(प्रतीकात्मक तस्वीर)
सुबह उठने का सही समय
आज के समय में लोग काम या फिर कंप्यूटर, मोबाइल चलाने के कारण देर रात तक जागते हैं और सुबह को देर तक सोते रहते हैं जो सेहत के लिहाज से तो खराब होता ही है साथ ही हमारे जीवन को भी प्रभावित करता है। पहले के लोग सदैव ब्रह्म मुहूर्त में उठ जाते थे। शास्त्रों में भी ब्रह्म मुहूर्त में उठना शुभ माना जाता है। यदि आप सुबह को ब्रह्म मुहूर्त में नहीं भी उठ सकते हैं तो कम से कम छह बजे तक उठ जाना चाहिए।
विज्ञापन

3 of 8
(प्रतीकात्मक तस्वीर)
सुबह बिस्तर से उठते ही करें ये कार्य
शास्त्रों के अनुसार प्रातः सबसे पहले बिस्तर से उठते ही अपनी दोनों हथेलियों को जोड़कर उनके दर्शन करने चाहिए और तीन से चार बार अपने मुंह पर फेरना चाहिए। मान्यता यह है कि हथेली में महालक्ष्मी, सरस्वती और भगवान विष्णु का वास होता है। जिससे आपको उनकी कृपा मिलती है और जीवन में सुख-समृद्धि आती है।

4 of 8
(प्रतीकात्मक तस्वीर) - फोटो : pexel
पलंग से या बिस्तर से उतरते ही करें ये कार्य
सोकर उठने के बाद जब अपने बिस्तर से उठें तो पैर नीचे रखने से पहले भूमि को प्रणाम करना चाहिए। इसके बाद धरती पर उतरते ही पृथ्वी को स्पर्श करके प्रणाम करें। बड़े बुजुर्ग सदैव धरती माता को प्रणाम करने के पश्चात ही उठते थे। यदि घर में झाड़ू लगानी हो तो सबसे पहले झाड़ू को भी प्रणाम करें क्योंकि झाड़ू को लक्ष्मी का प्रतीक माना जाता है।
विज्ञापन

5 of 8
(प्रतीकात्मक तस्वीर)
धरती मां को प्रणाम करने के बाद करें ये कार्य
बिस्तर से उठकर पृथ्वी को प्रणाम करने के तुरंत बाद मल-मूत्र का त्याग करना चाहिए। मल, मूत्र, छींक, उबासी, खांसी इन सभी चीजों के हमारे शरीर के भीतर के विषाक्त पदार्थ बाहर निकल जाते हैं। जिससे शरीर स्वस्थ रहता है। इन्हे एक तरह का वेग माना गया है यदि इनको शरीर में रोका जाए तो यह सेहत के लिए सही नहीं रहता है।
विज्ञापन

6 of 8
(प्रतीकात्मक तस्वीर)
स्नान करके करें ये कार्य
हिंदू धर्म में सुबह के समय पूजा-पाठ करना बहुत शुभ माना जाता है। प्रातः पूजा करने से घर में सकारात्मकता बनी रहती है। मल-मूत्र का त्याग करने के बाद दांत साफ करके तुरंत स्नान करना चाहिए और फिर अपने इष्ट की पूजा करनी चाहिए। पूजा के बाद तुलसी और सूर्य को प्रतिदिन जल अवश्य चढ़ाना चाहिए। इससे आपके घर में समृद्धि बनी रहती है साथ ही मान-सम्मान और तरक्की प्राप्त होती है।
विज्ञापन

7 of 8
सांकेतिक तस्वीर - फोटो : सोशल मीडिया
पूजा पूर्ण होने के बाद करें ये कार्य
पूजा-पाठ संपन्न होने के बाद माता-पिता और बड़े बुजुर्गों के पैर छूकर आशीर्वाद लेना चाहिए। जो लोग अपने से बड़ों का सम्मान करते हैं और अपने दिन की शुरूआत बड़ों के आशीर्वाद से करते हैं, वे अपने जीवन में सदैव सुखी रहते हैं साथ ही तरक्की प्राप्त करते हैं।
विज्ञापन

8 of 8
प्रतीकात्मक तस्वीर
प्रतिदिन निकाले गाय के लिए रोटी
सनातन धर्म में गाय को गौमाता कहा जाता है। धार्मिक मान्यता के अनुसार गाय में 33 कोटि देवी-देवता वास करते हैं। गाय को भोजन कराने और उसकी सेवा करने से सभी देवी-देवताओं का आशीर्वाद प्राप्त होता है इसलिए प्रतिदिन भोजन बनाते समय पहली रोटी गाय के लिए निकालनी चाहिए। लेनी चाहिए लेकिन इस बात का ध्यान रखें कि गाय को ताजी रोटी ही खिलाएं।
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें