अभिमन्यु क्रिकेट एकेडमी के मैदान पर विजय मर्चेंट ट्रॉफी के अहम मैच में उसी टीम का दबदबा रहेगा, जिसकी तेज गेंदबाजी में पैनापन होगा। मुकाबले के लिए बनी नई पिच पर घास को देखकर लगता है कि पहले दिन यह बल्लेबाजों की जमकर परीक्षा लेगी।
हालांकि पिच पर घास रहेगी या हटेगी इसका फैसला बृहस्पतिवार को होगा। क्रिकेट दिग्गजों का कहना है कि ऐसी पिच पर कोई भी टीम टास जीतकर पहले गेंदबाजी करना पसंद करेगी।
तेज गेंदबाजों को फायदा
उत्तराखंड में बीसीसीआई के पहले अधिकृत क्रिकेट टूर्नामेंट विजय मर्चेंट ट्रॉफी के मुकाबले के लिए अभिमन्यु क्रिकेट एकेडमी (एसीए) ग्राउंड तैयार हो चुका है। करीब महीने भर पहले नई पिच तैयार की गई है। इसे पूर्व इंटरनेशनल पिच क्यूरेटर सीताराम के पुत्र और एसीए के पिच क्यूरेटर रवि कुमार ने तैयार किया है।
रवि कुमार ने बताया कि पिच पर हल्की घास रखी गई है। लिहाजा यह तेज गेंदबाजों को अधिक मदद पहुंचाएगी। तीसरे दिन तक पिच से स्पिनरों को भी हल्की मदद मिलने लगेगी। ग्रीन टॉप पिच को देखकर तेज गेंदबाज खुश भी हैं।
बुधवार को मैच रेफरी पंकज धरमानी ने मैदान में पहुंचकर पिच का निरीक्षण किया। सूत्रों के अनुसार पहले दिन लंच से पहले का समय तेज गेंदबाज अगर नमी का फायदा उठा सके तो बल्लेबाजों के लिए आफत ला सकते हैं। इससे बल्लेबाजों को संभलकर खेलना पड़ेगा और खराब गेंद का इंतजार करना पड़ेगा।
उत्तर प्रदेश और मध्य प्रदेश ने बहाया पसीना
उत्तराखंड को मेजबानी मिलने से उत्तर प्रदेश के लिए यह घरेलू मैदान है, लेकिन टीम को पिच के मिजाज का अंदाजा नहीं है। बुधवार की सुबह यूपी की टीम ने दोपहर तक नेट प्रैक्टिस कर जमकर पसीना बहाया और खुद को देहरादून के मौसम के अनुकूल ढालने की कोशिश की।
टीम के कोच कन्हैया लाल तेजवानी ने कहा कि मध्य प्रदेश की टीम काफी मजबूत है और बीते साल की चैंपियन भी है। दूसरी ओर बुधवार पहुंची मध्य प्रदेश की टीम के खिलाड़ियों ने दिन में आराम किया। शाम के समय नेट पर जमकर पसीना बहाया।