सुरक्षा मानकों को ध्यान में रखते हुए भारतीय रेलवे ने तय किया है कि वह अब देश के संवेदनशील क्षेत्रों से गुजरने वाली ट्रेनों को वीडियोग्राफी सुविधा से लैस करेगा ताकि यात्रियों की सकुशल यात्रा सुनिश्चित हो सके। हालांकि यह सुविधा चुनिंदा ट्रेनों में ही उपलब्ध होगी।
रेलवे ने यह भी तय किया है कि वह आरपीएफ जवानों के लिए कमांडो ट्रेनिंग सेंटर की सुविधा उपलबंध कराएगी जिन्हें देश के माओवादी हिस्सों से गुजरने वाली ट्रेनों में तैनात किया जाएगा।
आरपीएफ परेड समारोह के उद्घाटन के मौके पर रेल मंत्री सुरेश प्रभु ने बताया, "हमारा प्रयास है कि हम संवेदनशील हिस्सों से गुजरने वाली ट्रेनों में सुरक्षा बलों को तैनात कर सके। हमने चुनिंदा ट्रेनों में वीडियोग्राफी की प्रक्रिया को शुरु कर दिया है ताकि हम जान सकें कि ट्रेन में कौन कौन सफर कर रहा है।"
प्रभु ने कहा कि वो माओवादी हिस्सों से गुजरने वाली ट्रेनों में आरपीएफ जवानों को तैनाती से पहले उनकी कमांडो ट्रेनिंग के लिए उपयुक्त जमीन की तलाश भी कर रहे हैं। उन्होंने यह भी कहा कि ट्रेनों के कोच में सीसीटीवी कैमरे की सुविधा देने की भी योजना है ताकि हालात का जायजा लिया जा सके।