हरियाणा के आस मोहम्मद ने अपनी पत्नी को एक बिचौलिये से करीब साढ़े तीन हजार रुपए में खरीदा था। यह राशि एक गाय की कीमत से भी कम है, लेकिन उन्हें इसका कोई अफसोस नहीं।
मोहम्मद कहते हैं, "यह बात सही है कि मेरी पत्नी की कीमत एक गाय से भी कम है, लेकिन अगर मेरे बच्चों के लिए दुल्हन नहीं मिली तो मैं वही दुहराउंगा जो मैंने किया।"
आठ बच्चों की मां यह महिला कहती हैं कि उनकी जिंदगी गुलामों जैसी है, "जब मैं 12 वर्ष की थी तब मेरे पति मुझे यहां ले आए थे। वह मुझे पीटते रहे हैं, लेकिन मैं कुछ भी नहीं कर सकती थी क्योंकि मैं कहीं नहीं जा सकती थी।"
भारत के कुछ हिस्सों में दुल्हन खरीदने की प्रथा अभी भी है और हरियाणा में यह समस्या और गंभीर है।