यह पढ़ने और सुनने में जरूर अजीब लग सकता है, मगर है सच। मुस्लिम विरोधी के पर्याय के रूप में देखा जाना वाला राष्ट्रीय स्वयं सेवक संघ कश्मीर घाटी में भाजपा के लिए मुस्लिम मतों का जुगाड़ करने में जुटा है।
भाजपा ने घाटी की 46 सीटों पर रणनीति बनाने का जिम्मा संघ के वरिष्ठ नेता इंद्रेश कुमार और राम माधव को सौंपी है। कश्मीर से पुराना नाता रखने वाले राम माधव हाल ही में संघ से भाजपा में भेजे गए हैं, वहीं इंद्रेश संघ की मुसलमानों में पैठ बनाने के लिए वर्ष 2002 में गठित राष्ट्रीय मुस्लिम मंच की कमान संभाल रहे हैं।
वह घाटी में कुछ संगठनों और मुस्लिम युवकों को अनुच्छेद 370 के खिलाफ आवाज बुलंद करने और भारत के पक्ष में एकीकृत कश्मीर की मांग करने के लिए एकजुट करने का प्रयास करते रहे हैं।
घाटी में भाजपा के मिशन 44 को अमली जामा पहनाने के लिए इन दोनों ने घाटी की डेढ़ दर्जन सीटें चिन्हित की है। इनमें से आधी सीटों पर भाजपा अपने दम पर जोर-आजमाइश करेगी, जबकि अन्य आधी सीटों पर उन उम्मीदवारों को जिताने में जुटेगी, जो चुनाव बाद जरूरत पड़ने पर पार्टी के काम आएंगे।