2जी स्पेक्ट्रम घोटाले में पूर्व दूरसंचार मंत्री ए राजा, डीएमके सुप्रीमो करुणानिधि की पत्नी दयालु अम्माल और बेटी कनिमोझी समेत 10 व्यक्तियों और 9 कंपनियों के खिलाफ आरोप तय किए गए। विशेष अदालत ने ये आरोप 2जी घोटाले में हवाला से जुड़ी एक शिकायत में तय किए।
प्रवर्तन निदेशालय ने विशेष अदालत को बताया कि आरोपियों ने हवाले के जरिए 200 करोड़ रुपए का लेनदेन किया था। रकम का इस्तेमाल डीबी समूह की कंपनियों को टेलीकॉम लाइसेंस देने के एवज में रिश्वत देने के लिए किया गया था। लाइसेंस ए राजा ने दिए थे, जो कि उस समय दूरसंचार मंत्री थे।
जांच एजेंसी ने कहा कि डीबी समूह ने डीएमके की स्वामित्व वाली कलाईनार टीवी को दो अन्य कंपनियों कुसेगांव फ्रुट्स एंड वेजिटेबल्स लिमिटेड और सिनेयुग फिल्म्स प्राइवेट लिमिटेड के जरिए 200 करोड़ रुपए दिए। जांच एजेंसी ने कहा कि ये लेनदेन विशुद्घ व्यापारिक लेनदेन नहीं थी।