गृह मंत्रालय फांसी की सजा पाए अभियुक्तों की लंबे समय से लटकी दया याचिकाओं का निपटारा जल्द से जल्द करने में जुटा है। मंत्रालय की ओर से सात और दया याचिकाएं राष्ट्रपति प्रणब मुखर्जी के पास भेजी गई हैं। इन पर जल्द ही फैसला लिया जा सकता है।
यह सात याचिकाएं नौ लोगों की ओर से दी गई हैं। इनमें एक दया याचिका हरियाणा के धर्मपाल की है, जिसने दुष्कर्म के मामले में जमानत मिलने पर पीड़ित युवती के परिवार के पांच लोगों की हत्या कर डाली थी।
तीन मामले यूपी के हैं, जिनमें एक जफर अली का है, जिसने 2002 में अपनी पत्नी और पांच बेटियों की हत्या कर दी थी। जबकि गुरमीत सिंह को 1986 में एक परिवार के 13 लोगों की हत्या में दोषी करार दिया गया
था। वहीं सुरेश और रामजी को भाई के परिवार के पांच सदस्यों की हत्या में सजा-ए-मौत सुनाई गई थी। मालूम हो कि राष्ट्रपति प्रणब मुखर्जी पिछले दिनों में कसाब और अफजल गुरू समेत आठ लोगों की दया याचिकाओं का निपटारा कर चुके हैं।