16 मई को जिस वक्त सारे लोग सीटों और वोटों के गणित में उलझे थे, मोदी समर्थक फेसबुक पर प्रधानमंत्री बनने के लिए उनकी शपथ ग्रहण का इवेंट पेज बना चुके थे।
फेसबुक पर सुबह दस बजे से ही देश के प्रधानमंत्री की शपथ इवेंट पेज से धड़ाधड़ लोग जुड़ने लगे। इवेंट की खास पंक्तियों को 2014 का महावाक्य बताया गया। जिसमें नरेंद्र मोदी को ईश्वर को साक्षी मानकर भारत के प्रधानमंत्री पद की शपथ लेते दिखाया गया।
इसके अलावा मोदी की अपनी टीम भी बेहद तेज और जबरदस्त है। जब तक यह तस्वीर साफ हुई कि बीजेपी 272 सीटें पा लेगी मोदी की टीम ने उनकी ऑफिशियल साइट तुरंत रीलॉन्च कर दी। और उसमें मोदी का थैंक्यू संदेश जारी कर दिया।
यही नहीं जिन लोगों ने मोदी के समर्थन में मैसेज या ट्वीट किए थे उन्हें मोदी की साइट 'नरेंद्रमोदी डॉट इन' पर दिखाया जाने लगा।दरअसल यह सारा काम एक दिन का नहीं है। इन चुनावों के लिए मोदी की टीम ने जिस तरह से सोशल मीडिया पर कैपेंनिंग की है उसके नतीजे भी सबके सामने हैं।
... तो पढ़िए वो कौन-कौन से खास तरीके थे जिन्होंने मोदी को बनाया दूसरों से अलग और नंबर 1
ट्विटर पर भी मोदी का जादू
सोशल मीडिया पर मोदी की एक्टिविटी की बात करें तो 1 जनवरी 2014 के बाद से अरब तक मोदी को लेकर 58 मिलियन ट्वीट हुए हैं। इनमें लगभग 12 मिलियन ट्वीट में मोदी को टैग किया गया है।
16 मई के दिन मोदी के फॉलोवर्स की संख्या 39.87 लाख थी। जो दिन के अंत में 40.2 लाख तक पहुंच गई। एक नियत समय में इतने फॉलोवर्स हासिल करना एक रिकॉर्ड है।
ट्विटर पर पूछे गए सवालों का मोदी खुद ही जवाब देते है, साथ ही लोगों को डायरेक्ट मैसेज भी भेजते हैं। हाल ही में जब दुनिया के बड़े नेताओं ने उन्हें जीत पर बधाई दी, तो मोदी ने खुद ट्वीट और मैसेज के जरिए उनका शुक्रिया अदा किया।
इस समय मोदी के ऑफिशियल ट्विटर पेज पर उन्हें 40.31 लाख लोग फॉलो कर रहे हैं।
फेसबुक पर 'नमो-नमो'
फेसबुक पर भी नरेंद्र मोदी के समर्थक बेहद सक्रिय हैं। और चुनाव प्रचार के पूरे समय नरेंद्र मोदी की कैंपेनिंग करते नजर आए।
इसके अलावा मोदी ने अपने फेसबुक पेज पर भी बहुत काम किया है। उनकी टीम ने फेसबुक पेज पर लगातार अपने पेज पर सारी रैलियों और चुनाव संबंधी जानकारियां पोस्ट कीं।
16 मई को नरेंद्र मोदी के पेज पर जो पोस्ट डाली गई थीं उन्हें लाखों लाइक्स मिले।
इस वक्त नरेंद्र मोदी के ऑफिशियल फेसबुक पेज पर 15,670,756 फैन्स हैं। मोदी समर्थक इस पेज पर कितने सक्रिय हैं यह इस बात से समझिए कि मोदी और उनकी मां की हाल में पोस्ट की गई एक लाख से भी ज्यादा लोग शेयर कर चुके हैं।
तकनीक और ट्रेंडिंग का साथ
एक तरफ मोदी ने होलोग्राम तकनीक से पूरे देश में 100 से ज्यादा रैलियों को संबोधित किया। वहीं वे लेटेस्ट ट्रेंड से भी जुड़े रहे।
आजकल जब पूरी दुनिया में लगभग हर आदमी सेल्फी खींच रहा है तो मोदी कैसे पीछे रह जाते। मोदी ने भी अपनी सेल्फी ट्विटर पर पोस्ट की।
3 हजार से ज्यादा लोगों ने उसे रीट्वीट किया। साथ ही सेल्फी विद मोदी ट्विटर पर ट्रेंड करने लगा। लेकिन मोदी की सेल्फी में सबसे ज्यादा पॉपुलर सेल्फी मोदी और उनकी मां हीराबेन की हुई। जिसे 12 हजार से ज्यादा लोगों ने रीट्वीट किया। जबकि 40 हजार ने लोगों उसे फेवरिट बताया।
कौन से फोन का कमाल
अपने व्यक्तिगत जीवन में भी मोदी तकनीक से बेहद जुड़े हुए हैं और उसका पूरा इस्तेमाल करने की कोशिश कर रहे हैं।
जानकारी के अनुसार जो फोन मोदी अपने हाथ में लिए दिखते हैं वह दरअसल आईफोन 5एस है।
इसी फोन से उन्होंने अपनी और अपनी मां की सेल्फी खींचीं हैं जिन्हें हजारों लोगों ने रीट्वीट किया था।
गेम में भी नंबर 1
इसके अलावा मोदी को लेकर कई गेम भी लॉन्च किए गए 'मोदी रन' नाम का गेम भी इनमें से एक है। जिसे 50 हजार से ज्यादा लोगों ने डाउनलोड किया। इस गेम में मोदी भारत के सभी राज्यों में दौड़ते हैं। जितने राज्यों में मोदी दौड़ते जाते है उन्हें उतने ही अंक मिलते है।
इसके अलावा 'मोदी 272+' भी है, जो 'मोदी रन' की तरह ही है। वहीं, एंग्री बर्ड की तर्ज पर एंग्री वोटर भी है। उपिला के इस गेम में अरविंद केजरीवाल, राहुल गांधी और नरेंद्र मोदी भी है। जिसमें वोटर अपने हिसाब से अपना नेता चुनता है। इसे पांच हजार लोगों ने डाउनलोड किया।
इनके अलावा 'कुर्सी क्रिकेट' गेम भी है। इस खेल में सीमित खिलाड़ी है। नरेंद्र मोदी, राहुल गांधी और अरविंद केजरीवाल में से आप अपना नेता चुन सकते हैं। आप जितना स्कोर करेंगे आप के नेता को उतने ही प्वाइंट मिलेंगे। खेलने में बहुत ही आसान इस गेम को 50 हजार से ज्यादा लोगों ने डाउनलोड किया।
यू ट्यूब पर करोड़ों लोगों का साथ
फेसबुक-ट्विटर के अलावा नरेंद्र मोदी यू ट्यूब पर भी बहुत एक्टिव हैं। उनकी सारे भाषण और रैलियों को यूट्यूब पर उनके चैनल पर दिखाया जाता रहा है।
2007 में बनाए गए नरेंद्र मोदी के यू ट्यूब चैनल को 156,177 लोगों ने सब्सक्राइब किया हुआ है जबकि 18,352,359 लोग मोदी के वीडियो देखे हैं।
इसके अलावा मोदी के भाषणों की कुछ मिनटों की कटिंग कर के उन्हें विज्ञापन के तौर पर भी दिखाया जाता रहा है।
मोदी की तरफ कैंपेनिंग की चाह
ऐसा कहा जाता रहा है कि मोदी ने बराक ओबामा से प्रेरित होकर सोशल मीडिया का यह पूरा कैंपेन शुरू किया था।
लेकिन आलम अब यह है कि सारे लोग और नेता-राजनेता इस बात की चर्चा कर रहे हैं कि कैसे उनके कैंपेन की तरह नए कैंपेन बना सकते हैं।
कई मुख्यमंत्री तक मोदी की तरह सोशल मीडिया पर एक्टिव हो रहे हैं और उसको राजनीति के लिए इस्तेमाल करना शुरू कर रहे हैं।