सर्वोच्च न्यायालय के डिप्टी रजिस्ट्रार और डेथ पेनाल्टी रिसर्च प्रोजेक्ट के डायरेक्टर प्रो.अनूप सुरेन्द्र नाथ ने सुप्रीम कोर्ट के उस फैसले की आलोचना करते हुए इस्तीफा दे दिया है, जिसमें न्यायालय ने 1993 मुंबई ब्लास्ट के दोषी याकूब मेमन की आखिरी दया याचिका खारिज कर दी थी।
प्रो. अनूप ने कहा कि चंद घंटों के अंदर दो फैसले 'न्यायिक त्याग' का एक उदाहरण हैं, जिन्हें सर्वोच्च न्यायालय के 'अंधकारमय घंटे' के रूप में गिना जाना चाहिए। उन्होंने अपने पद से बीती 30 जुलाई को इस्तीफा दिया है। अपने फेसबुक प्रोफाइल पर अनूप ने लिखा है कि मैंने सुप्रीम कोर्ट में अपने पद से इस्तीफा दे दिया है ताकि मैं विश्वविद्यालय के डेथ पेनाल्टी रिसर्च पर ध्यान दे सकूं।