कोलगेट स्टेटस रिपोर्ट सरकार को दिखाए जाने पर सुप्रीम कोर्ट की सख्त टिप्पणी के बाद केंद्रीय सतर्कता आयोग (सीवीसी) ने भी सीबीआई से जवाब तलब किया है।
सीवीसी ने सीबीआई से जांच में केंद्र की दखलअंदाजी पर विस्तार रिपोर्ट मांगी है। साथ ही आयोग ने एजेंसी को कोलगेल जांच पर ताजा स्टेटस रिपोर्ट देने को कहा है।
सीवीसी ने इस पूरे मामले में नेताओं और सरकारी अधिकारियों के हस्तक्षेप पर नाराजगी जताई है। सूत्रों के मुताबिक आयोग जल्द ही सीबीआई निदेशक से बैठक करेगा।
सीवीसी ने ही पहले पहल सीबीआई से कोयला घोटाला मामले की जांच शुरू करने का निर्देश दिया था। सीबीआई निदेशक रंजीत सिन्हा ने कहा है कि स्टेटस रिपोर्ट में सरकार की दखलअंदाजी और सीबीआई की स्वायत्ता के बारे में सुप्रीम कोर्ट ने जो भी टिप्पणी की है, वह सही है।
उन्होंने कहा कि सीबीआई को स्वायत्त बनाना सरकार की जिम्मेदारी है। हालांकि सीबीआई की लगातार कोशिश रही है कि उसे किसी भी दबाव से मुक्त रखा जाए। लेकिन अंतिम फैसला सरकार को ही लेना होगा।
सीबीआई ने कहा है कि सीवीसी की ओर से मांगी गई रिपोर्ट जल्द ही सौंप दी जाएगी। सूत्रों ने बताया कि सीवीसी यह जानना चाहती है कि जांच एजेंसी ने किन हालात और किस दबाव के चलते उस गोपनीय रिपोर्ट को केंद्र के साथ साझा किया जिसे सुप्रीम कोर्ट में पेश किया जाना था।
एक दिन पहले ही सुप्रीम कोर्ट ने कोयला घोटाले की जांच रिपोर्ट का मूल तत्व बदलने के लिए सीबीआई, पीएमओ और कोयला मंत्रालय को कड़ी फटकार लगाई थी। उसने यह तक कह दिया था कि सीबीआई पिंजरे में बंद एक तोते की तरह है।