इंडोनेशिया में पकड़े गए अंडरवर्ल्ड डॉन छोटा राजन के भारत लाए जाने की सुगबुगाहट के बीच उसके गिरोह की सक्रियता बढ़ती जा रही है। एसटीएफ ने सोमवार रात जार्जटाउन इलाके में छोटा राजन गिरोह से जुड़े तीन अपराधियों को दबोच लिया। ये तीनों नैनी जेल में बंद छोटा राजन के एक गुर्गे के इशारे पर मुंबई में केबल व्यवसायी को धमकी देकर मोटी रंगदारी वसूलने जा रहे थे।
उन तीनों के कब्जे से चोरी की बोलेरो गाड़ी, मोटरसाइकिल, पिस्टल. तमंचा, मोबाइल और नगदी बरामद की गई। अब एसटीएफ और पुलिस यूपी में इस गिरोह के नेटवर्क को खंगाल रही है। छोटा राजन गिरोह का एक बदमाश एजाज अंसारी उर्फ आजाद उर्फ नन्हे नैनी सेंट्रल जेल में कत्ल के मुकदमे में आजीवन कारावास की सजा काट रहा है।
छोटा राजन के इंडोनेशिया में पकड़े जाने के बाद दूसरे गुर्गों के साथ ही नैनी जेल में बंद एजाज के बारे में भी एसटीएफ को भनक लगी कि वह मोबाइल फोन के जरिए सक्रिय हो गया है। पता चला कि वह कुछ बदमाशों को किसी घटना के लिए मुंबई भेजने वाला है। इस पर डीएसपी प्रवीण सिंह चौहान के नेतृत्व में एसटीएफ की टीम सक्रिय हो गई।
सोमवार रात एसटीएफ के उपनिरीक्षक अजय सिंह, अतुल सिंह, केसी राय, श्रीनिवास यादव ने सटीक सूचना पर जार्जटाउन थानाध्यक्ष दीपक पांडेय की मदद से सीएमपी डाट पुल के पास घेराबंदी कर बोलेरो और बाइक सवार तीन बदमाशों को दबोच लिया। उनकी तलाशी में प्वाइंट 32 बोर की पिस्टल, तमंचा, मैगजीन, दस कारतूस, एक बोलेरो, मोटरसाइकिल, चार मोबाइल फोन और करीब 41 हजार रुपये बरामद हुए।
25 लाख रुपये की वसूली
पकड़े गए बदमाशों में सरायइनायत के धरौली गांव का इंद्रेश कुमार सिंह, बहादुरपुर हबूसा गांव का रमेश कुमार बिंद और शहर में छोटा बघाड़ा के पास रामप्रिया रोड का मोहम्मद सलीम उर्फ शेखू शामिल है।
पुलिस पूछताछ में उन तीनों ने कुबूला कि उन्हें नैनी जेल में बंद छोटा राजन गिरोह के अपराधी एजाज अंसारी ने मुंबई के पास भिवंडी में केबल नेटवर्क चलाने वाले संतोष शेट्टी पर फायरिंग के लिए कहा था ताकि उससे 25 लाख रुपये की वसूली की जा सके।
एजाज ने ही इस घटना के लिए उन तीनों को चोरी की बोलेरो, असलहे और 40 हजार रुपये मुहैया कराए थे। रंगदारी की रकम से भी उन्हें हिस्सा दिया जाता। पुलिस ने बताया कि गिरफ्तार बदमाश इंद्रेश ने बताया कि उसने हबूसा मोड़ के पास कारोबारी शोभा भारती से 70 हजार रुपये रंगदारी मांगी थी। इससे पहले सहसों बाजार के भी एक व्यापारी से रंगदारी वसूली थी।
नैनी जेल में आती है कई जिलों से रंगदारी
एसटीएफ और पुलिस की पूछताछ में बदमाश इंद्रेश ने बताया कि उसका एक रिश्तेदार शातिर अपराधी अखिलेश गुरू नैनी जेल में बंद है। वह उससे मिलने जाता था जहां आजीवन कारावास काट रहे एजाज अंसारी से मुलाकात हो गई। वह उसके इशारे पर इलाहाबाद के व्यापारियों को धमकी देकर रंगदारी वसूलने लगा। इंद्रेश ही रंगदारी की रकम नैनी जेल में एजाज तक पहुंचाता रहा है।
उसने बताया कि मिर्जापुर, जौनपुर, सोनभद्र, प्रतापगढ़, सुल्तानपुर के अलावा रीवा, सतना समेत कई जिलों के अपराधी एजाज के लिए रंगदारी वसूली करते हैं। पहले नैनी जेल में बंद रहा बदमाश अविनाश यादव भी सोनभद्र से रंगदारी उगाहने के बाद नैनी जेल में एजाज तक पहुंचाता है।
आमतौर पर यहां एक लाख रुपये से कम ही रंगदारी मांगी जाती है ताकि व्यापारी ना-नुकुर या शिकायत ना करे। इंद्रेश ने ही बताया कि छोटा राजन की गिरफ्तारी और उसे भारत लाने की खबर से एजाज बहुत खुश है क्योंकि उसका कहना है कि छोटा राजन को मुंबई की जेल में रखे जाने के बाद उसके नाम पर रंगदारी उगाही आसान हो जाएगी।
एजाज के बारे में बताया गया कि वह सुल्तानपुर के गोसाईंगंज थाने का हिस्ट्रीशीटर है। वहां उसके खिलाफ कत्ल, लूट की कोशिश और गैंगस्टर समेत तमाम मुकदमे हैं। उसका सगा मामा अनीस एड़ा छोटा राजन का बेहद करीबी था। उसने ही एजाज को इस गिरोह से जोड़ दिया। एजाज ने अपने हाथ में गोदने से नाना लिखा लिया था लेकिन बाद में उसे साफ करा दिया। छोटा राजन को पहले नाना के नाम से पुकारा जाता था।