डिलीवेन सुधार गृह के बाहर अपनी बूढ़ी मां और बहन से वापस मिलने के बाद मैकिलस्टर ने कहा कि गवर्नर एक महान व्यक्ति हैं जो उन्होंने उसे रिहा कर दिया। उन्होंने संवाददाताओं को बताया,'' यह एक महान दिन है। यह एक अद्भुत दिन है। गवर्नर मेकॉलिफ ऐसा करने वाले एक बहुत दिलेर और खास व्यक्ति हैं।''
माइकल ने कहा,'' यह उनकी(पीड़िता) गलती नहीं थी और मेरे मन में उनके प्रति कोई बुरी भावना नहीं है। मैं आशा करता हूं कि हमलावर अपनी समस्याओं से अच्छी तरह जूझ पाएगा।'' माइकल मैकिलस्टर 29 साल के थे और एक बढ़ई का काम करते थे जब पीड़िता ने उन्हें कोर्ट में मुजरिम के तौर पर पहचाना था। फरवरी 1986 को एक अपार्टमेंट के लौंडरी रूम में 22 वर्षीय गूंगी लड़की(पीड़िता) के साथ दुराचार हुआ था। हमले के वक्त वह हमलावर के मुह से थोड़ा सा मास्क हटाने में और उसकी झलक देख पाने में सफल रही थी।