12वीं करने वाले जो छात्र आईआईटी में दाखिला लेना चाहते हैं, उनके लिए इस बार इंजीनियरिंग का मुकाबला आसान होने वाला है। इसके पीछे कई वजहें हैं। एक तो जेईई मेंस परीक्षा की कटऑफ लगातार कम होती जा रही है और दूसरे इस साल जेईई एडवांस के लिए डेढ़ के बजाए दो लाख अभ्यर्थियों का चयन किया जाएगा।
जेईई मेंस परीक्षा से हर साल शीर्ष डेढ़ लाख अभ्यर्थियों को आईआईटी दाखिले की जेईई एडवांस परीक्षा के लिए चुना जाता था। जेईई मेंस परीक्षा में वर्ष 2013 में सामान्य की कट ऑफ 113 अंक थी। तब छात्रों की बीच कड़ा मुकाबला देखने को मिला था। वर्ष 2014 में सामान्य की कटऑफ चढ़कर 115 पर पहुंच गई।
एडवांस में ज्यादा छात्रों का चयन भी वजह
2015 की प्रवेश परीक्षा में विशेषज्ञों ने पहले ही कटऑफ 112 से 115 के बीच आंकी थी लेकिन कटऑफ सीधे दस अंक गिरकर 105 पर पहुंच गई। इंजीनियरिंग विशेषज्ञ विपिन बलूनी ने बताया कि इस बार कटऑफ डाउन होने के साथ ही एडवांस के लिए ज्यादा छात्रों का चयन करने की वजह से भी ज्यादा संख्या में छात्र क्वालिफाई होंगे।
उन्होंने बताया कि 360 में से महज 100 या इससे भी कम अंक लाने वाला छात्र इस बार जेईई एडवांस के लिए क्वालिफाई हो सकता है। लिहाजा, जेईई मेंस की तैयारी कर रहे छात्रों को तुरंत तैयारी में जुट जाना चाहिए।
तीन सालों में जेईई मेंस का कटऑफ
वर्ष ------- सामान्य ------- ओबीसी ----- एससी ----- एसटी
2013 ------- 113 ------- 70 ------- 50 ------- 45
2014 ------- 115 ------- 75 ------- 55 ------- 47
2015 ------- 105 ------- 70 ------- 50 ------- 44