हिमाचल प्रदेश विश्वविद्यालय के अंतरराष्ट्रीय दूरवर्ती शिक्षा एवं मुक्त अध्ययन संस्थान (इक्डोल) का इसी सत्र से एमए एजूकेशन दो वर्षीय पीजी कोर्स शुरू करने का प्रयोग सफल रहा है। इसके लिए तय दो सौ सीटों के लिए आए आवेदन में से मेरिट आधार पर एनसीटीई की तय पात्रता शर्तों के आधार पर बनाई मेरिट और काउंसलिंग के बाद 125 छात्रों ने दाखिला ले लिया है। पहली मर्तबा शुरू किया यह कोर्स छात्रों के लिए एमएड का विकल्प बना है।
बीएड के बाद एमए एजूकेशन एमएड के बराबर कोर्स है। इक्डोल की इस कोर्स के लिए आयोजित काउंसलिंग में कुल 149 आवेदन पात्र पाए गए हैं। अब तक इनमें से करीब 125 ने कोर्स में तय फीस की किस्त जमा करवाकर प्रवेश ले लिया है। प्रवेश लेने वालों को इक्डोल ने हाथोंहाथ पहले सत्र का स्टडी मैटीरियल तक उपलब्ध करवा दिया है।
एमएड बंद किए जाने के बाद शुरू किया ये कोर्स
कोर्स के लिए तैयार सिलेब्स के मुताबिक पाठ्य सामग्री उपलब्ध होने से छात्र अब इस पीजी कोर्स को आराम से कर पाएंगे। एनसीटीई के नए नियमों के तहत पत्राचार से एमएड कोर्स बंद कर दिए जाने के आदेशों के बाद एचपीयू ने यूजी और पीजी पास छात्रों के लिए यह एमए एजूकेशन कोर्स शुरू किया है।
इसे प्रदेश से सैकड़ों की तादाद में आवेदन आए। इनमें से सामान्य वर्ग और ओबीसी के लिए स्नातक या पीजी डिग्री में न्यूनतम 50 फीसदी जबकि आरक्षित श्रेणी अनुसूचित जाति और अनुसूचित जनजाति के लिए पीजी यूजी डिग्री में न्यूनतम 45 फीसदी की पात्रता शर्त थी। इसके अलावा विकलांग और अन्य श्रेणियों की सीटों को भी तय मानकों के मुताबिक भरने की प्रक्रिया फॉलो की गई।
एचपीयू में 31 से शुरू होंगे पीसीपी
एमए एजूकेशन के पहले बैच के लिए इक्डोल ने पर्सनल कांटेक्ट प्रोग्राम पीसीपी की तिथि तय कर दी है। इक्डोल निदेशक प्रो. पीके वैद्य और कोर्स कोआर्डिनेटर सुरेंद्र शर्मा ने बताया कि 28 अक्तूबर से धर्मशाला सेंटर में तथा 31 अक्तूबर से एचपीयू इक्डोल भवन में पीसीपी शुरू होंगे।
कोर्स के लिए इसमें शामिल होने की अनिवार्य शर्त है। कहा कि एमए एजूकेशन कोर्स को अच्छा रिस्पांस मिला है। स्टडी मैटीरियल छात्रों को प्रवेश के साथ ही उपलब्ध करवा दिया है।