उत्तराखंड में पहले ही बुरे हाल से गुजर रहे बीएड कॉलेजों में परीक्षाएं न होने से छात्रों की परेशानियां और बढ़ गई हैं। श्रीदेव सुमन विवि से संबद्ध 26 बीएड कॉलेजों ने अब तक परीक्षा के लिए छात्रों का डाटा ही नहीं भेजा है।
कई कॉलेजों पर चोरी छिपे पुराने सत्र में प्रवेश देने के आरोप भी लग रहे हैं। विवि ने कॉलेजों से 210 दिन का शिक्षण रिकॉर्ड और छात्रों का डाटा मांगा था, जो अब तक मुहैया नहीं कराया गया है।
कॉलेजों की लेटलतीफी जिम्मेदार
श्रीदेव सुमन विवि से संबद्ध बीएड कॉलेजों में बीते वर्ष दाखिले के बाद इस बार नया सत्र भी शुरू हो गया, लेकिन पुराने छात्रों की परीक्षाएं नहीं हो पाईं। छात्र मानते हैं कि इसके लिए कॉलेजों की लेटलतीफी जिम्मेदार है।
नाम न छापने की शर्त पर एक छात्र ने बताया कि कई कॉलेज बैक सेशन में बीएड दाखिले ले रहे हैं। इसके लिए ज्यादा फीस वसूली जा रही है। हालांकि कॉलेजों ने साफ किया है कि फिलहाल नए सत्र की दाखिला प्रक्रिया चल रही है।
विवि का है कहना
वहीं परीक्षा ने होने पर श्रीदेव सुमन विवि का तर्क है कि वह कई बार कॉलेजों से छात्रों का डाटा मांग चुके हैं। कुछ कॉलेजों को छोड़ बाकी ने अब तक डाटा मुहैया नहीं कराया है। इससे परीक्षाओं में विलंब हो रहा है। विवि ने कॉलेजों से 210 दिन के शिक्षण का रिकॉर्ड भी मांगा था, जो कॉलेजों ने उपलब्ध नहीं कराया है।