भ्रष्टाचार को जड़ से खत्म करने के लिए अब मानव संसाधन विकास
मंत्रालय ने सभी विश्वविद्यालयों में ‘एंटी करप्शन’ का सब्जेक्ट पढ़ाने का
निर्णय लिया है।
इसके लिए यूनिवर्सिटी ग्रांट्स कमीशन (यूजीसी) की ओर से
सभी विश्वविद्यालयों को सर्कुलर जारी कर दिया गया है। सब्जेक्ट को करिकुलम
में शामिल करने के साथ ही इस पर शोध कार्य भी किए जाएंगे।
यूजीसी
के वित्तीय सलाहकार उपमन्यु बसु की ओर से जारी इस सर्कुलर के अनुसार, एंटी
करप्शन का विषय लॉ, पब्लिक एडमिनिस्ट्रेशन, हृयूमन राइट्स आदि ऐसे
सब्जेक्ट्स के करिकुलम में शामिल किए जाने की सलाह दी गई है जो इसके लिए
उपयुक्त हैं।
भारत सरकार पहले से ही ‘इंटरनेशनल एंटी करप्शन एकेडमी’ की
गतिविधियों में भागीदारी कर रही है। इस दिशा में एक और कदम बढ़ाते हुए इस
सब्जेक्ट की पढ़ाई कराने का निर्णय लिया गया है।
प्रयास है कि भ्रष्टाचार
को सभी जगह से खत्म किया जा सके। इसे पाठ्यक्रम में शामिल करने का एक अन्य
कारण ये है कि इस तरह से युवाओं की भागीदारी सीधे भ्रष्टाचार को खत्म करने
में सुनिश्चित हो सकेगी।
उनको न सिर्फ भ्रष्टाचार से समाज पर पड़ रहे बुरे
प्रभाव की जानकारी होगी बल्कि वह उसे खत्म करने में महत्वपूर्ण भूमिका
निभाएंगे।
इस विषय पर शोध कार्य होने से निश्चित रूप से इसकी तह तक जाकर
इसकी जड़ों का पता चलेगा, जिससे इसका खात्मा आसान होगा।