मध्यप्रदेश चुनाव आयोग ने विजयपुर विधानसभा क्षेत्र के रिटर्निंग अधिकारी और राज्य प्रशासनिक सेवा के अफसर उदय सिंह सिकरवार को हटा दिया है। आयोग ने राज्य शासन को निर्देश दिया है कि एसडीएम सिकरवार का तबादला श्योपुर जिले से बाहर किया जाए। वहीं, श्योपुर एसडीएम मनोज गढ़वाल को विजयपुर का चार्ज सौंपा जाए। इसके बाद जल्द ही सामान्य प्रशासन विभाग तबादला आदेश जारी करेगा।
गौरतलब है कि विजयपुर विधानसभा सीट पर मतदान के एक हफ्ते पहले यह कार्रवाई कांग्रेस की शिकायत पर की गई है। इससे पहले जनपद पंचायत के सीईओ अशोक कुमार शर्मा को भी हटाया गया था।
दरअसल, विधानसभा में उपनेता प्रतिपक्ष हेमंत कटारे ने सिकरवार के खिलाफ शिकायत की थी। कटारे ने चुनाव आयोग से कहा था कि सिकरवार भाजपा के लिए काम करते रहे हैं। 2017-18 के उपचुनाव में भी शिकायत के बाद उन्हें हटाया गया था। इसके बाद 2020-21 में मुंगावली उपचुनाव के समय भी इसी वजह से सिकरवार को हटाया गया था। इस बार फिर उदय सिंह सिकरवार को विजयपुर उपचुनाव कराने की जिम्मेदारी दी गई है। आखिर हर बार उन्हें ही रिटर्निंग अधिकारी क्यों बनाया जाता है?
कटारे की शिकायत पर मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी सुखवीर सिंह ने श्योपुर जिला निर्वाचन अधिकारी से जवाब मांगा था। उनकी रिपोर्ट मिलने के बाद यह कार्रवाई की गई। इससे पहले चुनाव आयोग के निर्देश पर अशोक कुमार शर्मा को विजयपुर के कराहल जनपद के सीईओ पद से हटाया गया था। उन्हें यहां से हटाकर प्रभारी मुख्य कार्यपालन अधिकारी, जनपद पंचायत दतिया बनाया गया है। देवास जिला पंचायत में सहायक परियोजना अधिकारी रहे संजय कुमार पाटिल को कराहल जनपद पंचायत का सीईओ नियुक्त किया गया है। कांग्रेस ने सीईओ शर्मा के विरुद्ध शिकायत की थी, जिसमें कहा गया था कि वे विजयपुर विधानसभा क्षेत्र के ही निवासी हैं और भाजपा प्रत्याशी रामनिवास रावत को लाभ पहुंचाने के लिए उनकी नियुक्ति विजयपुर जनपद सीईओ के पद पर की गई है।