उमरिया जिले के बिरसिंहपुर पाली में शनिवार शाम उस वक्त अफरा-तफरी मच गई, जब संजय गांधी ताप विद्युत केंद्र के पास बाघ की मौजूदगी देखी गई। प्लांट की ओर जाने वाली मुख्य सड़क से महज करीब 100 मीटर की दूरी पर बाघ नजर आने के बाद श्रमिकों में डर और बेचैनी का माहौल बन गया।
जानकारी के मुताबिक, डैम क्षेत्र के पास पानी पीने आया बाघ अचानक सड़क किनारे दिखाई दिया। उस समय कई कर्मचारी ड्यूटी के लिए प्लांट की ओर जा रहे थे। जैसे ही लोगों की नजर बाघ पर पड़ी, कुछ देर के लिए वहां रुकावट की स्थिति बन गई। प्रत्यक्षदर्शियों का कहना है कि बाघ कुछ समय तक इलाके में घूमता रहा और फिर वन क्षेत्र की ओर बढ़ गया। इस दौरान किसी तरह की जनहानि नहीं हुई, लेकिन घटना ने सुरक्षा व्यवस्था पर कई सवाल खड़े कर दिए हैं।
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घटना का वीडियो भी मौके पर मौजूद कुछ श्रमिकों ने अपने मोबाइल फोन से बना लिया, जो अब सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है। वीडियो में साफ दिखाई दे रहा है कि बाघ सड़क के पास मौजूद है, जिससे वहां मौजूद लोगों में दहशत फैल गई। स्थानीय लोगों का कहना है कि प्लांट का इलाका घने वन क्षेत्र से जुड़ा हुआ है और पास ही बांधवगढ़ टाइगर रिजर्व स्थित है। ऐसे में जंगली जानवरों की आवाजाही समय-समय पर होती रहती है। हालांकि, औद्योगिक क्षेत्र के इतने करीब बाघ का दिखना सामान्य घटना नहीं मानी जा रही।
रोजाना सैकड़ों श्रमिक इसी मार्ग से आना-जाना करते हैं। ऐसे में अगर बाघ की मूवमेंट लगातार बनी रहती है तो किसी बड़ी अनहोनी से इनकार नहीं किया जा सकता। श्रमिकों ने वन विभाग और प्रशासन से मांग की है कि क्षेत्र में तत्काल गश्त बढ़ाई जाए, संवेदनशील स्थानों पर निगरानी की व्यवस्था की जाए और लोगों को सतर्क रहने के निर्देश जारी किए जाएं। फिलहाल प्लांट क्षेत्र में भय का माहौल है। कर्मचारी सावधानी बरतते हुए समूह में आवाजाही कर रहे हैं।